कलक्ट्रेट पर आयोजित बैठक में मौजूद डीएम, सीडीओ तथा अन्य अधिकारी।
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फिरोजाबाद। जिले में बाल श्रमिक स्कूलों को सुचारु रखने और बाल श्रमिकों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोडे़ रखने के लिए जिलाधिकारी ने प्रयास शुरू कर दिए हैं। डीएम ने इस आशय का पत्र संयुक्त सचिव श्रम एवं रोजगार भारत सरकार को भेजा है।
प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियों वाले 14 प्रमुख जिलों में फिरोजाबाद का नाम शामिल है। इन जिलों में बाल श्रमिकों को शिक्षा की मुख्य धारा से जोड़ने के लिए श्रम एवं रोजगार मंत्रालय भारत सरकार द्वारा बाल श्रमिक स्कूलों का संचालन किया जा रहा है। जिले में 35 बाल श्रमिक स्कूल संचालित हैं। वर्ष 2016 में शुरू परियोजना की अवधि तीन वर्ष निर्धारित की गई है।
इस परियोजना की अवधि गत 31 जनवरी को पूरी हो गई। श्रमिक बच्चों के हित में जिले में संचालित 35 बाल श्रमिक स्कूल आगामी 29 फरवरी के बाद बंद होने के कगार पर हैं। श्रमिक बच्चों को शिक्षा की मुख्य धारा से जोडे़ रखने के लिए डीएम चंद्र विजय सिंह ने पहल की है। डीएम ने संयुक्त सचिव श्रम एवं रोजगार भारत सरकार को गत दिवस पत्र लिखा है। पत्र में बाल श्रमिकों के चिहिंकरण के लिए दोबारा सर्वे कराने की मांग की गई।
‘वंचित बच्चों के बैंक खाते खुलवाएं’
बाल श्रमिक स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को छात्रवृत्ति योजना का लाभ दिया जाएगा। डीएम चंद्र विजय सिंह ने स्कूल संचालन कर रहे एनजीओ प्रतिनिधियों से सभी बच्चों का बैंक खाता खुलवाने के निर्देश दिए हैं।