फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सख्ती और जागरूकता के चलते हर साल घट रहा लिंगानुपात

विज्ञापन
विज्ञापन
फिरोजाबाद। जिले में स्वास्थ्य विभाग ने कन्या भ्रूण हत्या पर अंकुश लगाने के लिए कई जागरूकता के कार्यक्रम चलाए हैं। इसका असर दिखने लगा है। आंकड़े गवाही दे रहे हैं कि बालक-बालिकाओं के बीच लिंगानुपात का अंतर धीरे-धीरे घट रहा है। अभी बेटों की तुलना में बेटियों की संख्या कम है, लेकिन पिछले वर्ष के आंकड़ों की तुलना में बेटियों की संख्या बढ़ रही है। वहीं, विभाग के अधिकारियों को कहना है कि कन्या भ्रूण हत्या रोकने के लिए सख्ती बरकरार रखी गई है। इसके परिणाम भी अच्छे आ रहे हैं। वहीं, लोगों को जागरूक भी किया जा रहा है।
विज्ञापन

स्वास्थ्य विभाग के आंकड़े देखें तो वर्ष 2018-19 में एक हजार बेटों की तुलना में 914 बेटियां रहीं, जबकि 2017-18 में एक हजार बेटों की तुलना में 900 बेेटियां थीं। वहीं, 2016-17 में लिंगानुपात 867, 2001 में 852 था। सीएमओ डॉ. नीता कुलश्रेष्ठ का कहना है कि कन्या भ्रूण हत्या को रोकने के लिए विभाग की ओर से कई कार्यक्रम चलाकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है। वहीं, जिले में सख्ती भी जारी है। इसका सीधा असर है कि लिंगानुपात घट रहा है। भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम जारी रहेंगे। यानि जनपद में बेटियों का अनुपात बढा है।
मुखबिर योजना की शुरुआत हुई, लेकिन आज तक नहीं आया कोई फोन
कन्या भ्रूण हत्या को रोकने के लिए शासन ने मुखबिर योजना की शुरुआत की। कन्या भ्रूण हत्या के मामले की सूचना देने वाले व्यक्ति का नाम गुप्त रखा जाता था और उसे ईनाम में धनराशि दी जाती थी। किंतु स्वास्थ्य विभाग पर कोई भी व्यक्ति भरोसा नहीं जता सका है। योजना को शुरू हुए करीब तीन साल का समय हो गया। अभी तक स्वास्थ्य विभाग पर कोई भी फोन नहीं आया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें