उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में सिंगल यूज पॉलिथीन कैरीबैग के चलन पर रोक के लिए आयोजित जन जागरुकता अभियान में सहभागिता के लिए आए अंतरराष्ट्रीय पर्वतारोही के साथ हुई अभद्रता के मामले में उत्तर पुलिस ने भारतीय उद्योग व्यापार मंडल से जुड़े एक पदाधिकारी समेत 6 नामजद व कुल 20 लोगों के विरुद्ध 10 धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। निगमकर्मियों की तहरीर पर एफआईआर दर्ज करने के बाद पुलिस मामले की पड़ताल में जुट गई है।
29 सितंबर को अंतरराष्ट्रीय स्तर के पर्वतारोही राजेंद्र सिंह शहर में सिंगल यूज पॉलिथीन के विरुद्ध चल रहे जागरुकता अभियान में हिस्सा लेने को आए थे। अभियान के दौरान जैसे ही पर्वतारोही एवं केंद्र सरकार नामित ब्रांड एंबेसडर राजेंद्र सिंह मोहल्ला गंज पहुंचे वैसे ही कुछ व्यापारी नेता अचानक वहां पर पहुंच गए।
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उस दौरान राजेंद्र सिंह निगम कर्मियों के साथ दुकानदारों को सिंगल यूज प्रयोग से होने वाली हानियों के बारे में बता रहे थे। उसी दौरान कुछ समय पहले अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल से जुड़े प्रशांत महेश्वरी ने कुछ साथियों के साथ बगैर कुछ समझे राजेंद्र सिंह के साथ अभद्रता शुरू कर दी। निगमकर्मियों के मोबाइल सड़क पर फेंक दिए। सरकारी कामकाज में बाधा पहुंचाई।
व्यापारी नेताओं के रवैया से खिन्न पर्वतारोही मौके से ही सीधे वापस लौट गए। इस मामले में राजेंद्र सिंह ने मुख्य सचिव यूपी सरकार एवं नगर आयुक्त को भी अवगत कराया। व्यापारी नेताओं के रवैया को लेकर निगम की शासन-प्रशासन में जमकर किरकिरी हुई।
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वहीं घटना के बाद निगमकर्मियों की तहरीर पर व्यापारी नेता प्रशांत माहेश्वरी निवासी हनुमानगढ़ के अलावा भगत प्रोवीजन स्टोर, रमेश प्रोवीजन स्टोर, श्रीजी प्रोवीजन स्टोर एवं राहुल प्रोबीजन स्टोर के स्वामियों के अलावा 15 अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ दस धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। एसओ उत्तर कमलेश सिंह के अनुसार घटना के मामले में मुकदमा दर्ज हुआ है। पड़ताल की जा रही है।
व्यापार मंडल पदाधिकारी बचाने में लगे
भाजपा के महानगर टीम में जिला उपाध्यक्ष रामनरेश कटारा अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष भी हैं, लेकिन उनकी टीम के साथी ने ही पूरे शहर को शर्मसार करा दिया। इतना ही नहीं इस पदाधिकारी के खिलाफ खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम से भी अभद्रता के आरोप में मुकदमा पंजीकृत हो चुका है। बताया जाता है कि इस हंगामें में एक पार्षद के पति भी शामिल थे, जो भाजपा में शामिल होना चाहते हैं।
पुलिस पर बनाया जा रहा दवाब
हालांकि भाजपा के नेताओं ने उन्हें बचा लिया। वहीं रामनरेश कटारा का कहना है कि मामले में जांच करने के बाद भी कोई कार्रवाई की जाएगी। भाजपा भी अब खुलकर पुलिस पर दवाब बनाने का काम करने में जुट गई है। इस मामले में भाजपा के कई नेता शहर की फिजा खराब करने वाले साथी की पैरवी में जुट गए हैं।