फीरोजाबाद में डीएम विजय किरन ने प्राथमिक शिक्षक संघ के फटकार लगाते हुए कहा कि तुम शिक्षक हो या गुंडे? क्या उम्मीद की जा सकती है तुसमे। तुरंत माफी मांगो सभी से। अगर डायट, स्कूल या दफ्तर में तोड़फोड़ की तो ऐसी धाराओं में बंद करूं गा..कि भूल नहीं पाओगे। डीएम की इसी फटकार के बाद शनिवार को बीएसए दफ्तर में प्रदर्शन करने पहुंचे शिक्षकों को बैकफुट पर आना पड़ा।
प्रमोशन की मांग को लेकर शिक्षकों के द्वारा बीएसए दफ्तर में की गई तोड़फोड़ और चतुर्थश्रेणी कर्मचारी के साथ हुई मारपीट की घटना के बाद शनिवार को कर्मचारियों ने कार्यालय को नहीं खोला। मारपीट और तोड़फोड़ की जानकारी डीएम को दी गई थी। पूरी घटना सीसीटीवी में कैद थी। दूसरी तरफ दोपहर बाद प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष शौर्यमणी यादव के नेतृत्व सैकड़ों की संख्या में शिक्षक बीएसए दफ्तर पहुंच गए और जमकर नारेबाजी की। उन्होंने प्रमोशन की मांग को रखा। टकराव के हालत बनते देख डीएम ने एसडीएम विजय सिंह को प्रदर्शन स्थल पर भेजकर पांच शिक्षकों के प्रतिनिधिमंडल को कलक्ट्रेट बुलाया।
वहां पहुंचे शिक्षकों के प्रतिनिधिमंडल को डीएम ने जमकर फटकार लगाई। उन्होंने यहां तक कह दिया कि तुम शिक्षक हो या गुंडे? क्या उम्मीद की जा सकती है तुमसे क्या पड़ाओगे तुम। तुरंत बीएसए बालमुकुंद प्रसाद और कर्मचारियों से माफी मांगों नहीं तो ऐसी धाराओं में मुकदमा दर्ज होगा कि भूले नहीं भूल पाओगे। इसके बाद शिक्षक संघ बैकफुट पर आ गया। शिक्षक संघ के नेताओं के माफी मांगने पर ही बीएसए कार्यालय खोला गया।
मैं खुद सिखाऊंगा सबक
शिक्षकों के उग्र रवैये को देखकर कर्मचारियों में भय व्याप्त दिखा। इस पर डीएम ने कहा कि बेफिक्र होकर काम करो। अगर कोई तोड़फोड़ करता है, तो मैं खुद सबक सिखाऊंगा।
शिक्षामित्र भी थे प्रदर्शन में शामिल
आंदोलन प्रमोशन को लेकर किया जा रहा था। मगर संख्या बल बढ़ाने में कई शिक्षामित्र भी बीएसए दफ्तर पहुंचे। प्रशासन द्वारा कराई जा रही रिकार्डिंग से बचने के लिए शिक्षक संघ के प्रमुख लोग भी इधर-उधर बचते रहे।