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20 वर्ष पूर्व आवंटन कराने के बाद भवन बनाना भूले आवंटी

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यूपीसिडा के आस्थान में खाद्य गोदाम के पास खाली प्लाट में पड़ा कचरा - फोटो : FIROZABAD
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फिरोजाबाद। लगभग 20 वर्ष पूर्व 700 आवासीय भूखंड आवंटित करने के बाद यूपीसीडा के अफसर जलेसर रोड स्थित औद्योगिक आस्थान को विकसित करने की सुध नहीं ले रहा है। आवासीय क्षेत्र में करोड़ों की कीमत वाली भूमि आज भी बंजर व बदहाल है। इसके साथ ही आस्थान में 20 से अधिक भूखंडों पर अब तक इकाई स्थापना नहीं हो सकी है। ऐसे में इन भूखंडों पर झाड़ियां और कूड़े की भरमार है।
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फिरोजाबाद-जलेसर मार्ग पर पीपल चौकी के समीप यूपीसीडा का औद्योगिक आस्थान है। इस आस्थान में करीब 700 आवासीय, 65 इंडस्ट्रियल एवं 110 व्यवसायिक श्रेणी के भूखंड हैं। इनमें से अधिकांश खास तौर पर आवासीय एवं इंडस्ट्रियल भूखंडों के आवंटन की प्रक्रिया वर्ष 2000-2001 के दौरान पूरी कराई जा चुकी है।
इसके बावजूद वर्तमान में आवासीय श्रेणी के किसी भी आवंटी ने भूखंडों पर निर्माण तो दूर नक्शा पास कराने तक की जहमत नहीं उठाई है। जानकारों की मानें तो आवासीय श्रेेेणी के भूखंडों को मनमाने तरीके से एक-दूसरे को स्थानांतरित किए जाने का खेल चल रहा है। कमावेेश यही हाल इंडस्ट्रियल श्रेेेणी के भूखंडों का है। करीब 20 वर्ष आवंटित करोड़ों की कीमत वाले करीब 20 भूखंड आज भी इंडस्ट्री स्थापना की बांट जो रहे हैं।
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खाली भूखंड बने डलाबघर
दशकों पूर्व आवासीय भवन अथवा इंडस्ट्रीज स्थापित किए जाने वाले भूखंडों पर वर्तमान में गंदगी व झाड़ियां हैं। हमने सफाई और देखभाल के लिए कई बार यूपीसीडा अफसरों को जानकारी दी लेकिन अब तक कार्रवाई नहीं हुई।
राजकुमार शर्मा अध्यक्ष द ऑनर्स आफ इंडस्ट्रीज एसोसिएशन
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आवासीय सेक्टर अथवा इंडस्ट्रियल सेक्टर में भूखंड आवंटन कराने वाले आवंटियों पर सख्ती शुरू कर दी है। सख्ती के बाद गत तीन माह में आवासीय सेक्टर में 16 आवंटियों ने अपने नक्शे पास करा लिए हैं। वहीं इंडस्ट्रियल श्रेणी के भूखंड आवंटियों को चिह्नित कर नोटिस जारी किए जाएंगे अन्यथा की स्थिति में निरस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
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विनोद कुमार
क्षेत्रीय अधिकारी यूपीसीडा आगरा मंडल
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