मृतक के घर पर शव आने का इंतजार करते ग्रामीण।
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जिला अस्पताल के बर्न वार्ड में मंगलवार सुबह पत्नी की मौत के बाद पति मनीराम (35) ने फांसी लगाकर जान दे दी। वह इस वार्ड में अकेला था। सरकारी अस्पताल में हुई आत्महत्या की घटना से प्रशासन में हड़कंप मच गया। सूचना पर एडिशनल एसपी राजकमल यादव व कोतवाली फोर्स ने पहुंचकर छानबीन की।
बकेवर थाना क्षेत्र के शकूराबाद निवासी हीरालाल निषाद के बेटे मनीराम की शादी करीब 10 साल पहले कपरिया उसर गांव निवासी रामप्यारी(30) से हुई थी। सोमवार रात आपसी विवाद में रामप्यारी ने केरोसिन डालकर आग लगा ली।
इस दौरान बचाने के चक्कर में मनीराम भी झुलस गया। दोनों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां मंगलवार सुबह रामप्यारी की मौत हो गई। इसकी जानकारी मिलने पर वह महिला बर्न वार्ड गया और वहां से लौटने के बादपुरुष बर्न वार्ड का दरवाजा बंद कर लिया। कुछ देर बाद वार्ड नर्स रेखा चंदेल ने वार्ड का दरवाजा खोला तो अंदर से बंद मिला। सीएमएस की सूचना पर पुलिस पहुंची।
कोतवाल आरके पांडेय ने दरवाजा तोड़ा तो मनीराम फांसी पर लटका दिखा और उसकी मौत हो चुकी थी। मनीराम ने पंखे में अस्पताल की बेडशीट से फांसी लगाई थी। बेड पर स्टूल एक ओर लुढ़का पड़ा था। एएसपी ने बताया कि पत्नी की मौत का गम बर्दाश्त नहीं कर सका, जिसकी वजह से फांसी लगाई है।