प्लाट का बैनामा कराने के बाद रुपये न होने वाले खाते की क्रेता ने चेक थमा दी। चेक बाउंस होने पर विक्रेता के होश उड़ गए। पुलिस ने मामले में रिपोर्ट दर्ज की है।
शहर के आवास विकास कॉलोनी निवासी बक्षराज सिंह ने गांव असोथर स्थित एक प्लॉट 20 अगस्त 2019 को बेचा था। बक्षराज का आरोप है कि प्लाट थरयांव थाने के बहरामपुर निवासी प्रीतिलता पत्नी प्रभात ने 3 लाख 30 हजार में लिया था। बैनामे के समय 2 लाख 10 हजार रुपये की चेक दी थी।
चेक में चालाकी से तारीख 20 जनवरी 2020 की डाल दी। चेक उसकी मां सुशीला देवी के नाम पर था। 21 जनवरी को चेक लगाई। बैंक ने चेक बाउंस होने की टिप्पणी की। मामले में प्रीतीलता को कोर्ट से नोटिस भेजा गया। प्रीतीलता ने नोटिस का जवाब नहीं दिया। इस दौरान प्लाट पर कब्जा भी कर लिया।
कई बार रुपयों की मांग की गई। रुपये आरोपियों ने नहीं दिए। धोखाधड़ी और कूटरचना के तहत बैनाम कराया गया। कोतवाली पुलिस ने मामले में कोर्ट के आदेश पर प्रीतीलता के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।