बुधवार का दिन जिले के लिए ब्लैक डे साबित हुआ। हादसों में बाइक सवार आशा समेत दो महिलाओं की मौत हो गई। बाइक चला रहा युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। उधर, टेंपो से किसी कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे एक ही परिवार लोग हादसे का शिकार हो गए।
घटना में आठ लोग घायल हो गए। असोथर में मासूम को ट्रैक्टर ने कुचल दिया। मासूम की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि महिलाएं घायल हो गईं। अन्य छिटपुट घटनाओं में चार से ज्यादा लोग घायल हो गए। घायलों को भर्ती कराया गया।
थरियांव थाना क्षेत्र के सुखपुर गांव निवासी राजेंद्र की पत्नी दुर्गा देवी (40) ऊर्फ इलाहाबादी भिटौरा ब्लाक में आशा के पद पर तैनात थी।
वह हंसवा पीएचसी बुधवार दोपहर को शबाना (30) को प्रसव के बाद मिलने वाली चेक दिलाने के लिए उसके पति इरफान निवासी खोजे का पुरवा मजरे हसनापुर थाना हुसैनगंज के साथ बाइक से जा रही थी। बिलंदा-हंसवा मोड़ के पास इलाहाबाद की ओर जा रहे ट्रक ने बाइक सवारों को टक्कर मार दी।
हादसे के बाद बाइक सवार उछलकर हाइवे पर गिरे। उसी समय बेकाबू ट्रक ने आशा और प्रसूता शबाना को रौंद दिया। हादसा देखकर आसपास के लोग और पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने क्षत विक्षत हालत में मौके पर शवों को देखा।
वहीं इरफान को गंभीर रूप से घायल हालत में सड़क पर पड़ा था। चौकी इंचार्ज एनके प्रजापति ने घायल से घटना की जानकारी ली और उनके परिजनों को हादसे की खबर दी।
पोस्टमार्टम हाउस में आशा के देवर सुरेंद्र ने बताया कि मृतका के तीन पुत्र हैं। उसका बड़ा बेटा बाहर नौकरी करता है। वहीं मृतका शबाना के परिजनों ने बताया कि कुछ दिनों पहले ही उसको प्रसव हुआ था। उधर, हादसों की खबर पाकर पीड़ित परिवारों में कोहराम मच गया।