फतेहपुर। मंदिर-मकबरा विवाद में रेस्टोरेशन विवाद का अंतिम बहस 24 मार्च को होगी। एडीजे प्रथम कोर्ट इस प्रकरण में सुनवाई करेगी। जिसमें अदालत में दोबारा मुकदमा चलाए जाने की स्वीकार याचिका का फैसला सही या गलत है इसका फैसला होगा।
सदर कोतवाली क्षेत्र के आबूनगर रेड्डया मोहल्ले में धार्मिक स्थल पर हिंदू संगठनों ने ठाकुर द्वारा होने का दावा किया था। ठाकुर द्वारा पर 11 अगस्त को साफ-सफाई की अनुमति मांगी गई थी। इसके बाद 11 अगस्त को हिंदू संगठनों की भीड़ मौके पर पहुंची थी। जहां समुदाय आमने-सामने हो गए थे। इसके बाद मामला अदालत पहुंचा। धार्मिक स्थल की भूमि का विवाद पूर्व में सिविल जज की अदालत में खारिज हुआ था। खारिज वाद के पक्षकार विजय सिंह दोबारा सुनवाई के लिए रेस्टोरेशन याचिका दाखिल की थी। जिसे कोर्ट ने स्वीकार कर लिया था। दूसरे पक्ष के अधिवक्ता ने याचिका स्वीकार किए जाने पर जिला जज की अदालत में आपत्ति दाखिल की थी। जिला जज की अदालत ने सुनवाई के लिए मामला एडीजे प्रथम की अदालत में स्थानांतरित किया था।
करीब तीन माह से मामले की सुनवाई में तारीख लग रही थी। कोर्ट में सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत से मामले की मूल पत्रावली शुक्रवार को पहुंची। जिस पर अंतिम सुनवाई होनी थी। मंदिर पक्ष के अधिवक्ता ने बताया कि कोर्ट में दूसरे पक्ष के अधिवक्ता की ओर से अगली तारीख मांगी गई। अदालत ने 24 मार्च रेस्टोरेशन याचिका पर अंतिम सुनवाई के आदेश किए हैं।