फोटो-43-आरोपी बस चालक चमन सिंह। स्रोत पुलिस
खखरेरू। थाना क्षेत्र के चकिया बैरी गांव में बुधवार को स्कूल बस चालक द्वारा छात्र आयुष को टक्कर मारकर करीब 70 मीटर तक घसीटने के मामले में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की धारा बढ़ाई है। इसके बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया। यहां से उसे जेल भेज दिया गया है। हादसे के बाद बस संचालक का स्कूल और छात्र का स्कूल बंद रहा।
बैरी गांव निवासी शंकरलाल का इकलौता पुत्र आयुष कक्षा आठ का छात्र था। वह बुधवार को साइकिल से स्कूल जा रहा था तभी बस चालक ने उसे टक्कर मार दी। टक्कर के बाद चालक छात्र को साइकिल समेत करीब 70 मीटर तक घसीटता रहा।
इस दौरान बचाव की कोशिश कर रही बाइक सवार शालू को भी बस ने टक्कर मार दी। वहीं घटना से आहत छात्र के साथी हमजा ने सदमे में खुदकुशी कर ली। दोनों घटनाओं से बैरी व आसपास के गांवों में गमगीन माहौल रहा। पोस्टमार्टम के बाद शाम को आयुष का शव गांव पहुंचा, जहां परिजनों के साथ ग्रामीणों की आंखें नम हो गईं। पुलिस की मौजूदगी में अंतिम संस्कार कराया गया।
हमजा का अंतिम संस्कार उसके गांव अकिलपुर ऐराना में नमाज के बाद किया गया। दोनों की दोस्ती गांव में चर्चा का विषय रही। घायल शालू यादव का इलाज प्रयागराज में चल रहा है।
पुलिस ने बस चालक चमन सिंह निवासी चरकी थाना धाता को गिरफ्तार कर कोर्ट के आदेश पर जेल भेज दिया है। थानाध्यक्ष विद्या प्रकाश सिंह ने बताया कि घटना की गंभीरता को देखते हुए चालक के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की धारा बढ़ाई गई है।