फतेहपुर। जनपद में कृषि कार्य के लिए पंजीकृत ट्रैक्टर और ट्रालियों से सवारियां व अन्य व्यवसायिक सामग्री ढोई जा रही हैं। इससे कई बार हादसे भी हो चुके हैं। खास बात यह है कि जिले में कृषि कार्य के लिए 6256 ट्रैक्टर में महज 62 ट्रालियां पंजीकृत हैं।
एआरटीओ के पास पूरा लेखा-जोखा होने के बाद भी कार्रवाई से हाथ कांपते हैं। जबकि शासन की ओर से आदेश जारी है कि ट्रैक्टर और ट्रालियों का उपयोग सवारी ढोने व व्यावसायिक कार्य करने पर कार्रवाई की जाए।
जिले की सड़कों, खेतों और नदियों के आसपास ट्रैक्टर ट्रॉलियां व्यवसायिक कार्यों में लगी हैं। अधिकांश ट्रॉलियों का प्रयोग उप खनिज ढोने में किया जाता है। रजिस्ट्रेशन नहीं होने के कारण ज्यादातर ट्रॉलियों में नंबर नहीं होता है। ये तेज रफ्तार में गुजरते हैं और हादसा कर देते हैं। कुछ दिनों पहले ही एक ट्रैक्टर ट्राली की टक्कर से युवक की मौत हो चुकी है।