फतेहपुर। शहर को कूड़े के ढेरों से मुक्ति मिल सकती है। इसके लिए नगर पालिका ने 18 लोडर वाहन खरीदे हैं। यह जरूर है कि इसका हश्र कैटिल कैचिंग वाहन की तरह न हो। आया शहर में अन्ना पशु पकड़ने के लिए, कुछ दिन पकड़ा फिर अन्य तहसीलों में टहल रहा है। इस खरीद से लोगों में उम्मीद जगी है कि आबादी के अंदर कूड़ा डंप करने की व्यवस्था इससे खत्म की जा सकती है।
दो साल से लागू अमृत योजना लागू होने के बावजूद अभी तक शहर को गंदगी की समस्या से निजात नहीं मिल पाई है। शहर की प्रमुख सड़कों के फुटपाथों पर कूडा डंपिंग सेंटर बने हैं, जहां पर हर समय बड़ी तादाद में कूड़ा डंप रहता है, जिससे अन्ना मवेशियों का जमावड़ा लगा रहता है। आबादी के अंदर का ठेला में लादकर कूड़ा सफाई कर्मचारी डंपिंग सेंटर में डालते हैं। नगर पालिका के उठाने के बाद डंपिंग सेंटर कूड़ामुक्त नहीं होते हैं, क्योंकि कोई न कोई उठान के बाद कूड़ा डाल जाता है। शहर के एसपी आवास के सामने, एलआईसी कार्यालय, पत्थर कटा चौराहा के समीप, नवीन मार्केट के सामने, वर्मा चौराहा, अशोक नगर बस स्टैंड के समीप, आईटीआई के सामने कूड़ा डंपिंग सेंटर समस्या के प्रमाण हैं। यहां पर हर समय बड़ी तादाद में कूड़ा डंप रहता है।
नगर पालिका अब डंपिंग सेंटर खत्म करने जा रही है। इसके लिए 18 टाटा मैजिक खरीदा है। एक दो दिन में यह मैजिक आने वाली हैं। मैजिक हर मोहल्ले में खड़ी रहेंगी। सफाई कर्मचारी ठेले में लगाकर मैजिक में कूड़ा लोड करेंगे। ऐसे में कूड़ा डंपिंग सेंटर खत्म करने की योजना है।
ईओ नगर पालिका परिषद मीरा सिंह का कहना है कि टाटा मैजिकों की आपूर्ति मिलने के बाद कूड़ा डंपिंग सेंटर खत्म कर दिए जाएंगे। इन स्थानों पर कूड़ा डालने वालों पर आर्थिक दंड का प्रावधान किया जाएगा। मैजिक हर मोहल्ले का कूड़ा लेकर बड़े डंपरों को देंगी। जो सीधा शहर के बाहर तय स्थान पर पहुंचाया जाएगा।