अब सदर अस्पताल में भी पैथोलॉजी व ब्लड बैंक की सेवाएं 24 घंटे मिलने लगी हैं। पहले दोपहर दो बजे के बाद ये सेवाएं मयस्सर नहीं थीं। इस नई व्यवस्था से अगर आईपीडी में भर्ती मरीज को रात में जांच की जरूरत है या फिर उसके खून का ग्रुप पता करना है तो इसके लिए उसे सुबह होने का इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
सदर अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं का कद धीरे-धीरे बढ़ रहा है। मार्च महीने से पहले तक यहां उपलब्ध पैथालॉजी व ब्लड बैंक की सेवाओं का दायरा सीमित था। पैथालॉजी जांच कराने के लिए आने वाले जरूरतमंदों को दोपहर 12 बजे के बाद मना कर दिया जाता है क्योंकि दोपहर दो बजे तक ही ओपीडी होती है।
इस लिहाज से दो घंटे सैंपल रिपोर्ट तैयार करने के लिए निर्धारित थे। हालांकि ब्लड की खास जरूरत को देखते हुए इसकी उपलब्धता करा दी जाती थी लेकिन हर किसी को यह सेवा नहीं मिल पा रही थी। इससे जरूरतमंदों की एक बड़ी संख्या को नई सुबह का इंतजार करना पड़ता था। प्रमुख सचिव आलोक निरंजन के हस्तक्षेप से अब इस पर विराम लग चुका है।
नई व्यवस्था के तहत अब पैथालॉजी व ब्लड बैंक में तीन शिफ्टों पर काम हो रहा है। सुुबह आठ बजे से दोपहर दो बजे तक पहली शिफ्ट काम करती है। दोपहर दो बजे से देरशाम आठ बजे तक दूसरी शिफ्ट ड्यूटी करती है। तीसरी शिफ्ट रात नौ बजे से सुबह आठ बजे तक की सेवाएं देती है। यह दीगर है कि तीसरी शिफ्ट की सेवाएं ऑन कॉल से मिलती है।
ऐसी में इस नवीन व्यवस्था के लागू होने के बाद आईपीडी में भर्ती रोगियों में अगर किसी की शुगर या फिर हीमोग्लोबिन जैसी सामान्य जांच की जरूरत होती है, तो उसे नए दिन का इंतजार नहीं करना पड़ रहा है। सीएमएस डॉ. एके मिश्रा कहते हैं कि पैथालाजी व ब्लड बैंक के चौबीसों घंटे काम करने से सेवाओं को रवानी मिली है। इसके अच्छे परिणाम सामने आ रहे हैं।