फतेहपुर। पोस्टमार्टम हाउस में परिजनों के बीच अफरा तफरी का माहौल रहा। चालक और भार्गव परिवार से कुछ ही लोग पहुंचे।
गमजदा परिवार बातचीत में असहज दिखे। झांसी नवाबगंज से आए समीर चौबे ने बताया कि दिवंगत पराग के चचेरे भाई थे। वह चार भाई थे। पराग नोएडा में ही एक आईटी कंपनी में इंजीनियर थे। वे परिवार के साथ नोएडा में ही रहते थे। वह अपने पीछे पत्नी निधी, आठ साल की बेटी राम्या को छोड़ गए हैं। वह अपने साले आदित्य के क्रियाकर्म में गए थे।
समीर ने आदित्य को भी आईटी कंपनी में इंजीनियर बताया है। उधर, घायल चारू का भाई लोकेश पहुंचा। वह चारू और काश्विक को जिला अस्पताल से झांसी लेकर रवाना हुआ है। हादसे में दिवंगत चालक शिवम यादव मूलरूप से जालौन जिले का निवासी था। उसका भाई रवींद्र पोस्टमार्टम हाउस पहुंचा। उसने बताया कि भाई से शुक्रवार शाम प्रयागराज बुकिंग लेकर जाने की बात हुई थी। करीब चार साल से झांसी में रहकर चालक की नौकरी कर रहा था। पिता विश्राम सिंह व मां ज्ञान देवी मौत से बेहाल हैं।