बहुआ(फतेहपुर)। कैंसर पीड़ित महिला कानपुर इलाज को नहीं पहुंच सकी और उसकी मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि उन्होंने प्रशासन से ई पास की मांग की थी। उन्हें आवेदन का कोई जवाब नहीं मिल सका। मामले ने सोशल मीडिया में तूल पकड़ा है।
ललौली थाना क्षेत्र के अकिलाबाद गांव की पान कुमारी (54) पत्नी शिव सिंह दो साल से कैंसर पीड़ित थीं। उनका कानपुर में इलाज चल रहा था। चार साल बेटे की मौत के बाद से भांजा प्रदीप सिंह उनकी देखभाल करता था। पान कुमारी उसे बेटा मानती थी। प्रदीप ने बताया कि मां की दवाएं खत्म हो गई थी उनकी हालत भी बिगड़ गई।
उन्हें कानपुर में डाक्टर को दिखाना था। एक मई को ई पास बनवाने बिंदकी एसडीएम कार्यालय गया था। आरोप है कि यहां से उसे डीएम कार्यालय जाने के लिए कहा गया। डीएम कार्यालय में ऑनलाइन आवेदन की बात कही गई। ऑनलाइन आवेदन के बाद भी पास नहीं बन सका। धीरे-धीरे पूरा दिन बीत गया। रात को हालत चिंताजनक हो गई। वह लोग बहुआ पीएचसी लेकर पहुंचे। पीएचसी से डाक्टर ने जिला अस्पताल को रेफर किया। जिला
अस्पताल से कानपुर रेफर किया गया। एंबुलेंस से कानपुर लेकर पहुंचे। रास्ते में ही मां की मौत हो गई। प्रदीप का आरोप है कि उसे सही समय पर पास मिला होता तो शायद मां की जान बच सकती थी। उधर, डीएम संजीव सिंह का कहना है कि महिला के लिए अनुमति दे दी गई थी। जिस दिन परिजनों को ले जाना था उसी दिन भोर में महिला का निधन हो गया।