फतेहपुर। क्वारंटीन अवधि पूरी करने पर शनिवार को 39 कामगार छोड़े गए। सबसे ज्यादा कामगार स्वास्थ्य विभाग के नेवलापुर में निर्माणाधीन स्पोट्र्स कालेज के क्वारंटीन सेंटर से छोड़े गए।
जिले के 26 हजार से ज्यादा लोग होम क्वारंटीन में हैं जबकि क्वारंटीन सेंटरों में करीब 350 प्रवासियों को रखा गया है। शनिवार को नेवलापुर के क्वारंटीन सेंटर सें 17 कामगार छोड़े गए। अब यहां पर 33 कामगार ही बचे हैं। यही पर प्रशासन की तरफ से लाने वाले भी क्वारंटीन हैं। जिन्हें अलग रखा गया है। इनकी तादाद 14 है। प्रशासन
की तरफ से बनाए गए मदर सुहाग इंटर कालेज में 60 कामगार थे। शनिवार को इनमें से 22 को घर जाने दिया गया। महात्मा गांधी क्वारंटीन सेंटर में 30 प्रवासी हैं। इन्हें 14 दिन पूरे करने हैं। स्वास्थ्य विभाग के क्वारंटीन नोडल अफसर डॉॅ. आफाक अहमद ने बताया कि 14 दिन की मियाद पूरी करने वाले प्रवासियों को छोड़ा जा रहा है। अभी तक क्वारंटीन हुए प्रवासियों का बेहतर सहयोग मिला है। यह किसी भी वर्कर के लिए सुखद बात है।
फतेहपुर। नोडल अफसर ने नई तहसील के सामुदायिक किचन में काम करने वाले सभी 42 लोगों की थर्मल स्क्रीनिंग की। स्वास्थ्य विभाग के नोडल अफसर डॉ. आफाक अहमद ने बताया कि सभी स्वस्थ पाए गये। यह कदम एहितयात के तौर पर उठाया गया।
फतेहपुर। जिले के कंसापुर गांव के रहने वाले पवन तिवारी इंदौर में काम करते हैं। शासन की पहल पर इन्हेें बस के जरिए लाया जा रहा था। पवन ने बताया कि मध्य प्रदेश से बस चली आई, झांसी जिले में रोक लिया गया। कहा गया कि बस में सामाजिक दूरी नहीं है।