नगर पालिका परिषद ने इन दिनों शहर की सफाई व्यवस्था से किनारा कर लिया है। उसे तो डीएम के 18 अप्रैल के निरीक्षण के लिए अपने दफ्तर व परिसर चमकाने की पड़ी है। ज्यादातर सफाई कर्मचारी इसी काम में लगे हैं लिहाजा शहर गंदगी से पटा पड़ा है। कूड़े का उठान न होने से कई जगह सड़ांध से लोगों का आवागमन दुश्वार है।
डीएम राजीव रौतेला ने जब से नगर पालिका के निरीक्षण की तारीख घोषित की है तब से नगर पालिका नागरिक सुविधाओं से दूर हो गया है। अफसरों, कर्मचारियों दोनों का ध्यान शहर की सफाई व्यवस्था से हटकर कार्यालय की व्यवस्था पर केंद्रित हो गया है। ज्यादातर सफाई कर्मचारी कार्यालय या फिर जलकल परिसर में लगा दिए गए हैं।
ऐसे में शहर में कई जगह कूड़े डंप हो रहे हैं। केवल रामनवमी की शोभा यात्रा निकलने वाले मार्गों की ही सफाई पिछले दो दिनों में की गई। इसके अलावा कहां पर कितने दिन से कूड़े का उठान नहीं किया गया है। इससे किसी अधिकारी का लेना देना नहीं है।
पुरानी तहसील के पास जीटी रोड पर होटलों और चाय-पान की दुकानों से निकलने वाला कूड़ा-कचरा कई दिन से नहीं उठाया गया है। खाने-पीने की वस्तुओं की सड़ांध के कारण यहां से लोग नाक व मुंह पर रुमाल रखकर निकलने को मजबूर हैं। यही स्थिति सिविल लाइंस मोहल्ले की है। यहां पर सड़क पटरी पर बड़ी तादाद में कई दिन से कूड़ा डंप है।
सादीपुर मोहल्ले में प्लेवे स्कूल के पास, बिंदकी बस स्टॉप के पास, पीलूतले चौराहे के पास, वर्मा चौराहे पर गंदगी डंप है। सफाई कर्मचारियों के न आने के कारण गंगानगर, अंबेडकर नगर मोहल्ले की नालियों कीचड़ से लबालब हो गई हैं। गंदा पानी उफनकर सीसी सड़क पर फैल रहा है। इन क्षेत्रों में संक्रामक बीमारियां फैलने की आशंका प्रबल हो गई है।
सफाई निरीक्षक आबिद अली ने बताया कि कोई भी सफाई कर्मचारी नगर पालिका में हो रहे निर्माण कार्य में नहीं लगा है। अगर किसी मोहल्ले में सफाई नहीं हो रही है, तो लोग उनके मोबाइल नंबर 8896233160 पर शिकायत करें। संबंधित कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। हर मोहल्ले के चिह्नित स्थान पर डंप कूड़े का उठान हर दूसरे दिन कराया जाता है।