फतेहपुर जिले में एमआर हत्याकांड के मामले में पुलिस कर्मियों को जल्द ही नोटिस जारी होगा। पुलिस ने पैनल के डाक्टरों के बयान दर्ज किए हैं। वहीं, पुलिस ने एमआर के बंद कमरे का ताला खुलवाकर परिजनों को सामान दिलाया है।
ललौली थाने के कीर्तिखेड़ा गांव निवासी सत्येंद्र कोरी एमआर थे और शहर के जयरामनगर में गौरव शुक्ला के घर में किराये पर रहते थे।
राधानगर थाने की पुलिस ने एटीएम कार्ड से धोखाधड़ी के मामले में छह अक्तूबर को हिरासत में लिया था। पुलिस हिरासत में ही सत्येंद्र की नौ अक्तूबर की भोर मौत हो गई थी। मामले में तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक सुनील कुमार सिंह, एसआई विकास सिंह, कांस्टेबल देवेंद्र समेत छह पर हत्या व अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था।
विवेचक अनिल कुमार ने पोस्टमार्टम करने वाले तीन डाक्टरों के बयान दर्ज किए हैं। वहीं, एमआर के बंद कमरे की चाबी जेई भाई अरविंद को सौंपी। पुलिस की मौजूदगी में कमरे से एमआर की गृहस्थी का सारा सामान निकलवाया गया। सामान जेई अपने साथ ले गए। विवेचक ने बताया कि सत्येंद्र की मौत मस्तिष्क में रक्त प्रवाह रुकने की वजह से हुई थी। डाक्टरों से मौत की स्थित स्पष्ट करने के लिए बयान दर्ज किए गए हैं। आरोपी पुलिस कर्मियों को नोटिस भेजकर बयान के लिए बुलाया जाएगा।