फतेहपुर। जिला स्तरीय खरीफ गोष्ठी मेें मंगलवार को केंद्रीय मंत्री साध्वी निरंजन ज्योति ने कहा कि किसानों के हित में कई योजनाएं चल रही हैं। किसान फसलों का बीमा जरूर कराएं। किसानों की जरूरत को देखते हुए प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना चलाई गई है। इसमें ड्रिप पाइप, स्प्रिंकलर पाइप खरीदने पर अनुदान की योजना चल रही है।
प्रेक्षागृह में डीएम मदनपाल आर्य की अध्यक्षता में जिला स्तरीय किसान मेला लगाया गया। इसमें कृषि, उद्यान, पशुपालन, मृदा परीक्षण, लघु सिंचाई, सिंचाई विभाग, जिला स्वच्छता, भूमि सुधार, खेतान केमिकल्स व अन्य प्राइवेट बीज भंडार कंपनियाें ने स्टाल लगाए। केंद्रीय मंत्री ने दीप जला कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया और स्टालों का निरीक्षण किया। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार व प्रदेश सरकार किसानों की आय दो गुना करने का काम कर रही हैं। किसान अपने खेत की मिट्टी का परीक्षण कराएं और मृदा स्वास्थ्य कार्य के अनुसार फसलों की बुआई करें। उसी आधार पर उर्वरक का छिड़काव करें। इससे फसलों का उत्पादन बढ़ेगा। बिंदकी विधायक करण सिंह पटेल ने कहा कि फसलों की बुआई में किसान उन्नतशील बीज का प्रयोग करें। ग्रामीण क्षेत्र में बिजली की समस्या हल कराने के लिए उपकेंद्र में विभाग के अधिकारियों के नंबर लिखे हैं। अगर कोई अधिकारी फोन नहीं उठाता है, तो उसकी शिकायत जनप्रतिनिधियों से करें। तुरंत समस्या का समाधान कराया जाएगा। प्रदेश सरकार हर खेत तक पानी पहुंचाने के लिए प्रयासरत है। जिले को जितना पानी आवंटित है, उतना पानी दिलाया जाएगा। इस मौके पर सीडीओ सी. इंदुमति, उप कृषि निदेशक जीसी कटियार, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी इंद्रराज सिंह, प्रगतिशील किसान लोकनाथ पांडेय, बजरंग सिंह, रणविजय सिंह, मनीष तिवारी मौजूद रहे।
अधिकारियों ने गिनाईं योजनाएं
जिला कृषि अधिकारी ने खरीफ फसल के बीज खरीद की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उन्नतशील धान, ढैंचा का बीज राजकीय बीज भंडार में उपलब्ध है। इसमें रजिस्ट्रेशन कराने वाले किसानों को ही अनुदान का लाभ मिलेगा। राजकीय बीज भंडारों में संकर धान के स्टाल लगाए जाएंगे। किसान संकर धान खरीद में भी छूट का लाभ ले सकते हैं।
व्यवसाय के रूप में करें पशुपालन
कृषि विज्ञान केंद्र थरियांव के वैज्ञानिक डॉ. देवेंद्र स्वरूप ने किसानों को पशुपालन के विषय में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पशुपालन को किसान व्यवसाय के रूप में अपनाएं। इससे गोबर की खाद तैयार हो जाती है, जिसको खेत में डाल कर फसलों के उत्पादन में अधिक लाभ उठाया जा सकता है। दुधारू पशुओं से रोजाना की आय बनी रहेगी। उन्होंने कहा कि गर्मी के मौसम में पशुओं के बचाव का विशेष ध्यान दें। सूखा और बासी चारा न खिलाएं। दिनभर में कम से कम तीन बार नहलाएं।
खरीफ फसल बुआई की करें तैयारी
कृषि विज्ञान केंद्र थरियांव के वैज्ञानिक डॉ. संजीव शर्मा ने कहा कि खरीफ फसल बुआई का समय शुरू होने वाला है। जिन खेतों में धान की रोपाई करनी है उसकी जुताई करें। इससे खेत की मिट्टी तप जाएगी और फसलों को नष्ट करने वाले कीटाणु भी मर जाएंगे जिन किसानों को धान के नर्सरी की बुआई करनी है। वह दो-तीन बार खेत का पलेवा करें। मौसम शुष्क होने पर ही नर्सरी डाले। इससे अच्छी नर्सरी तैयार होगी।
केंद्रीय राज्यमंत्री आज कृषि मेले में लेंगी भाग
विजयीपुर। विजयीपुर ब्लाक में बुधवार को कृषि मेला लगेगा जिसमें केंद्रीय कृषि राज्यमंत्री साध्वी निरंजन ज्योति व क्षेत्रीय विधायक कृष्णा पासवान मौजूद रहेंगी। ये जानकारी कृषि विशेषज्ञ प्रभारी एके सिंह ने दी है।