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चांद की तस्दीक, पहला रोजा आज

Tue, 07 Jun 2016 12:30 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, फतेहपुर
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चांद का दीदार करने को छत पर जमा परिवार। - फोटो : अमर उजाला
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रमजानुल मुबारक का चांद नजर आते ही इबादत का दौर शुरू हो गया। चांद नजर आने के बाद लोगों ने दुआ पढ़ी और एक दूसरे को रमजान की मुबारकबाद दी। इसी के साथ ही जिलेभर की मस्जिदों में तरावीह की नमाज पढ़ी गई। मगरिब की नमाज के बाद लोग छतों पर चांद देखने के लिए जमा हो गए थे। चांद नजर आने के बाद लोगों ने खुशी में पटाखे भी छुटाए। इसी के साथ सहरी में जगाने का भी सिलसिला शुरू हो गया।
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हालांकि खाड़ी के देशों में एक दिन पहले ही चांद के दीदार होने पर लोग मुतमईन थे कि सोमवार को चांद नजर आएगा। इसीलिए मस्जिदों में पहले से ही तरावीह की सारी तैयारी कर ली गई थी। शाम होते ही लोग छतों पर चढ़ गए।

लोगों की निगाहें आसमान पर टिकीं रहीं। चांद के दीदार होते ही मुबारकबाद का दौर शुरू हो गया। इसके बाद लोगों ने तरावीह की तैयारी शुरू कर दी। शहरकाजी अब्दुल्लाह और कारी फरीदउद्दीन ने भी लोगों को रमजान की मुबारकबाद दी।
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शहरकाजी के पास गांवों से भी चांद की तस्दीक के फोन आते रहे। चांद दिखने के बाद उन्होंने मुबारक महीने के आगाज का एलान किया। शहर में बाकरगंज, खेलदार, पनी, सैयदवाड़ा, पीरनपुर, लाला बाजार, मसवानी, पक्का तालाब, उत्तरी खेलदार, सादीपुर आदि इलाकों में काफी चहल-पहल बढ़ गई।   

रोजा हम पर फर्ज, यह हुक्म कुरान में दर्ज
जमात-ए-इस्लामी हिंदू यूपी पूरब के तत्वावधान में रमजानुल मुबारक की आमद पर इस्तकबाल-ए-रमजान कार्यक्रम हुआ जिसमें रोजेदारों को क्या करना चाहिए, क्या नहीं जैसी बातों से वाकिफ कराया गया। खासकर अल्लाह को नापसंद बातों से पूरी दूरी बनाए रखने की नसीहत पेश की गई।

जीटी रोड के एक मैरिज लॉन में जमात-ए-इस्लामी हिंद के नायब अमीर जमाल अहमद ने इसका आयोजन किया। इसमें रमजान के पाकीजा महीने को मनाने के मसले पर रायशुमारी हुई। मतीन अहमद ने रोजा को फर्ज करार देते हुए इसे रखे जाने का हुक्म कुरान में होने की बात रखी।

शेख कफील अहमद ने कुरान को आसमानी किताब करार दिया। यह भी कहा कि इस किताब को वही समझ सकता है जो इसके नियम कायदे पर अमल करें। अनवार अहमद नकवी ने इस मुबारक महीने में ज्यादा से ज्यादा गरीब और कमजोर तबके की मदद करने की बात कही।

अब्दुल रहमान का भी यही जोर रहा। डॉ. हबीबुल इस्लाम नायब काजी शहर ने भी रोजा रखने पर जोर देते हुए किसी भी किस्म की खराबी से दूर रहने की नसीहत पेश की। इसके अलावा गुफरान, उबैद, अब्दुल्ला, सुलेमान, नोफिल, हस्साम ने भी रमजान मनाने पर मशविरा पेश किया। सोशल अपलिफ्ट सोसाइटी की ओर से आयोजित बैठक में भी वासिफ हुसैन, वकील अहमद आदि ने लोगों से रमजान का एहतराम करने की अपील की। 
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