पत्थरकटा चौराहे पर कड़ाके ठंड में स्कूल जाते निजी स्कूलों के बच्चे
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जिले के कई निजी स्कूल संचालकों के सामने शायद डीएम के आदेश का कोई महत्व नहीं। यही वजह है कि कक्षा एक से आठ तक के सभी स्कूल बंद करने के आदेश थे, इसके बावजूद कई स्कूल खुले रहे। बच्चे ठिठुरते हुए स्कूल पहुंचे और पढ़ाई के बाद गलन भरे मौसम की मार सहते वापस हुए।
बता दें कि बुधवार की शाम डीएम डॉ. वेदपति मिश्र ने कक्षा एक से लेकर आठ तक सभी स्कूल 10 दिसंबर तक बंद करने के आदेश दिए थे। 11 को रविवार और 12 दिसंबर को बारावफात का अवकाश है। ऐसे में 12 दिसंबर तक स्कूलों में छुट्टी रहनी थी। इसके बावजूद बेसिक शिक्षा की मान्यता वाले स्कूल संचालकों ने भी डीएम का आदेश नहीं माना। सरस्वती शिशु शिक्षा मंदिर आवास विकास, सरस्वती शिशु मंदिर देवीगंज, सरस्वती ज्ञान मंदिर गंगा नगर, गजानन शिशु मंदिर राधानगर समेत कई स्कूल पहले की तरह खुले और पढ़ाई के बाद बंद हुए। इतना ही नहीं सीबीएसई और आईसीएई बोर्ड से संचालित कई स्कूल भी खुले थे।
बताते हैं कि बच्चे स्कूल पहुंचने पर कक्ष के अंदर भी ठंड से बेहाल रहे। ठंड से ठिठुरते बच्चों पर संचालकों को दया नहीं आई और उन्होंने पढ़ाई पूरी करने के बाद ही छुट्टी की। कार्यवाहक बीएसए बीईओ मुख्यालय राकेश सचान ने बताया कि मंडलायुक्त के आदेश पर डीएम ने कक्षा एक से आठ तक सभी स्कूल बंद किए हैं। यह आदेश सभी स्कूलों पर लागू होता है। इस दौरान निरीक्षण में अगर कोई स्कूल खुला पाया गया, तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।