फतेहपुर। दिल्ली के मरकज जलसे से जुड़े छह लोगों को तलाशने में प्रशासन के पसीने छूट गए हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गुरुवार को पूरी तरह हाथ खड़ा कर दिया। इनका कहना है कि मिली सूची में केवल नाम है, न उम्र, न मोबाइल नंबर और न ही पता। इतने बड़े फतेहपुर जिले में एक ही नाम के कई लोग हैं, कैसे तलाशें समझ नहीं आ रहा। फिलहाल गुरुवार को मस्जिदें, मदरसे व कई मोहल्ले तलाशे गए। टीम के साथ पुलिसकर्मी भी थे।
गुरुवार को भी संक्रमण के बीच खौफ का नजारा जिले में देखने को मिला। बुधवार को मरकज जलसे से जुड़े लोगों की सूची लेकर चक्कर काटने वाली टीम को गुरुवार को भी निराशा हाथ लगी। यही वजह रही कि स्वास्थ्य विभाग ने ऐसे लोगों की तलाश से हाथ खड़े कर लिए। जिला महामारी विज्ञानी डॉ. अब्दुल्ला का तर्क है कि स्वास्थ्य विभाग मरीज तक पहुंच सकता है लेकिन जनता को खोज निकालने का काम प्रशासन को करना चाहिए। उधर, शहर से लेकर कस्बाई इलाके की मस्जिदें खंगाली गई।
शहर की भी छोटी बड़ी मस्जिदें चेक की गई। हालांकि कही से भी इनका पता नहीं चल सका है। सीओ सदर व नोडल कपिलदेव मिश्र का कहना है कि संबंधित क्षेत्र के पुलिस अफसरों को इस मामले में संजीदा किया गया है। मस्जिद, मदरसा के अलावा संभावित लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। सीओ का कहना है कि ऐसे लोगों को खुद ही सामने आकर मेडिकल परीक्षण करा लेना चाहिए। कोरोना संक्रमण किसी धर्म, जाति को नहीं देखता। उन्होंने आम लोगों से भी अपील की है कि यदि उन्हें कहीं कोई संदिग्ध दिखे तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस या कंट्रोल रूम को देकर सहयोग करें।