फतेहपुर/धाता में यूरिया के इंतजार में बैठे किसानों को मंगलवार को जैसे ही पता चला कि धाता और बिंदकी बिक्री केंद्रों पर खाद पहुंच गई है उनका हुजूम उमड़ पड़ा। यूरिया लेने के लिए मारामारी मच गई। 1500 बोरी यूरिया कुछ ही घंटे में बिक गई। खाद लेने के लिए किसानों को काफी जद्दोजहद करनी पड़ी। 50 से अधिक किसान बिना खाद लिए ही मायूस होकर लौट गए। इन किसानों ने बिक्री केंद्र के सचिव पर अनियमितता का आरोप लगाया।
कारीकान धाता समिति में फूलपुर से सुबह नौ बजे एक ट्रक 600 बोरी यूरिया लेकर पहुंचा। सुबह साढ़े दस बजे ट्रक से ही यूरिया की बिक्री शुरू हो गई। खाद का स्टाक कम और किसानों की संख्या अधिक थी। समिति में किसानों को लाइन लगाकर यूरिया का वितरण कराया गया, लेकिन किसान खाद के लिए जद्दोजहद करते रहे।
किसानों ने सचिव पर आरोप लगाया कि समिति के सचिव और आंकिक फोन से अपने चहेते किसानों को खाद आने की सूचना दे दी। हम लोगों को सूचना होने से पहले ही आधी से अधिक खाद बेच दी गई। एक-एक किसान अपने ही घर के दो-तीन लोगों के आधार कार्ड लाकर इकट्ठा खाद लेकर गए हैं।
उधर, बिंदकी में भी खाद बिक्री केंद्र पर 900 बोरी यूरिया सुबह पहुंची। खाद लेने के लिए यहां भी किसानों का हुजूम उमड़ा। धाता की तरह पहले खाद लेने के लिए मारामारी मच गई। कुछ किसानों ने हंगामा भी किया। यहां भी किसानों ने सचिव पर आरोप लगाया कि उन्होंने अपने करीबियों को पहले बुलाकर खाद दे दी। बड़ी संख्या में किसान मायूस होकर लौट गए।