किशनपुर। संगोलीपुर मौरंग खदान के रास्ते को लेकर चल रहा विवाद मंगलवार की रात फिर भड़क उठा। देर रात किसानों व खदान कर्मियों के बीच जमकर मारपीट हुई। इसमें किसान व खदान कर्मी को चोटें लगी हैं। घटना के विरोध में बुधवार सुबह करीब नौ बजे ग्रामीणों ने संगोलीपुर में जाम लगा दिया। इससे वाहनों की लंबी लाइनें लग गईं। पुलिस ने समझाकर चार घंटे बाद दोपहर करीब एक बजे जाम खुलवाया। दोनों पक्षों ने एक दूसरे के खिलाफ तहरीर दी है।
संगोलीपुर निवासी किसान शिवबाबू निषाद ने बताया कि मंगलवार देर रात वह अपने खेत में पानी लगाए थे। इस दौरान कुछ पानी बहकर सड़क पर आ गया। इस बात को लेकर खदान से बोलेरो से आए सात लोगों ने उसे गाली देना शुरू कर दिया। उसने अपनी गलती मानी लेकिन उन लोगों ने उसे मारापीटा और बोलेरो में लादकर ले गए।
खदान में बंधक बनाकर उसे बंदूक की बट व डंडे से पीटा। जिससे वह घायल हो गया। इसके साथ ही उसे जेसीबी के नीचे दबाकर मार डालने की धमकी दी। वहीं, खदान कर्मी कृष्ण कुमार उर्फ अतुल निवासी औगासी जिला बांदा का आरोप है कि कुछ किसान सड़क को बंद कर रहे थे। जब उसने मना किया तो मारपीट हो गई।
घटना की जानकारी सुबह ग्रामीणों को हुई तो उन्होंने संगोलीपुर मौरंग खदान के रास्ते पर जाम लगा दिया। करीब चार घंटे तक दोनों तरफ वाहन फंसे रहे। पुलिस ने किसानों को समझाकर दोपहर करीब एक बजे जाम खुलवाया। इसके बाद एक पक्ष से शिवबाबू निषाद तो दूसरी ओर से अतुल ने तहरीर दी है। एसओ किशनपुर आशुतोष सिंह ने बताया कि खदान के रास्ते को लेकर विवाद है। दोनों पक्षों में मारपीट की घटना हुई है। शिवबाबू के साथ ही अतुल व उनके साथी मनोज को चोटें आई हैं। दोनों को अस्पताल भेजा गया है। जाम खुलवा दिया गया है।
किसान शिवबाबू निषाद आदि का कहना है कि संगोलीपुर खदान जाने वाले रास्ते का कुछ हिस्सा कच्चा है। सड़क के बराबर पर ही उनके खेत हैं। किसान जब सिंचाई के लिए पाइप लगाते हैं तो ट्रक के नीचे आकर पाइप फट रहे थे। इसलिए किसानों ने लोहे के पाइप डलवाने की मांग की थी। खदान संचालक ने कुछ जगहों पर लोहे के
पाइप डालकर इस समस्या को हल किया था। इसके बाद रात में सड़क जाम होने पर वाहन चालक खेतों से गाड़ियां निकालकर फसल नष्ट करने लगे। इसके साथ ही धूल से फसल खराब हो रही हैं। एसडीएम ने रास्ते पर पानी का छिड़काव करने को कहा था जो पूरी तरह से लागू नहीं हो पा रहा है। जबकि रात में खेतों से गाड़ियां निकलने का सिलसिला जारी है। इसे लेकर वह लोग विरोध में हैं।
हथगाम अस्पताल कैंपस का निरीक्षण करतीं कायाकल्प टीम। संवाद- फोटो : FATEHPUR
पिटाई से घायल शिवबाबू निषाद। संवाद- फोटो : FATEHPUR