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बड़े भाई व ड्राइवर संग आया दूल्हा, ब्याह ले गया दूल्हन

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शादी के मंडप पर बैठे वर-वधू। - फोटो : FATEHPUR
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बहुआ (फतेहपुर)। लॉकडाउन के चलते न बराती आए और न ही बैंडबाजा बजा। कानपुर से बोलेरो में दूल्हा, उसके बड़े भाई व ड्राइवर आए। एक ही घंटे में ब्याह की रस्म निपटाकर दुल्हन को उसी कार विदा करा ले गए। मामला बहुआ ब्लाक के परेठी गांव का है।
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गांव में किसान धनपत का घर है। इनकी पांच बेटियों में आशा तीसरे नंबर की है। आशा की दो बड़ी बहनों का ब्याह हो चुका है। जनवरी महीने में धनपत ने आशा की गोद भराई की रस्म की थी। कानपुर के दादानगर निवासी सूरजबली पासवान के बेटे राजू से एक मई को विवाह होना तय हुआ था। लॉकडाउन ने भले ही इनके अरमानों पर पानी फेर दिया लेकिन वर और वधू की बात करें तो उन्हें यह पल सबसे अनमोल लगा। यही वजह रही कि छोटे से मंडप में आशा ने विवाह की रस्में पूरी कीं। दरअसल, लड़का और लड़की आगे की तारीख खिसकाए जाने के इरादे में नहीं थे। दोनों निकले मुहूर्त पर ही विवाह करने को अड़े थे। बरात बोलेरो से आई। घंटे भर पंडित जी के पढ़े गए श्लोकों का अनुसरण करने के बाद विवाह संपन्न हो गया। कई लोग तब समझ पाए जब विदाई का वक्त आया। दूल्हे राजू ने बताया कि वह ऐसा कर समाज को बताना चाहता है कि शादियां बिना पैसे के भी हो सकती हैं। आशा ने लॉकडाउन में हुई शादी को यादगार बताया। धनपत ने बताया कि वह गोविंदनगर थाने से चार लोगों के साथ चार पहिया वाहन से लौटने की लिखित अनुमति लेकर आए हैं।
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