फतेहपुर। नेवी में नौकरी दिलाने का झांसा देकर धोखाधड़ी और मानव तस्करी के आरोपी शैलेंद्र सिंह उर्फ राजू यादव की जमानत अर्जी कोर्ट ने खारिज कर दी है। मामला एससी-एसटी कोर्ट के विशेेष न्यायाधीश प्रमोद कुमार गंगवार की अदालत में चल रहा था।
शहर के चित्रांश नगर निवासी अमित शुक्ला ने तीन जनवरी 2021 को शैलेंद्र सिंह व अन्य के खिलाफ धोखाधड़ी और ठगी का मुकदमा दर्ज कराया था। विवेचना दौरान पुलिस ने मानव तस्करी की धारा बढ़ाई थी।
वादी का आरोप है कि शैलेंद्र सिंह खुद को नेवी का ऑफिसर बताता था। मलेशिया में नेवी के जहाज पर नौकरी दिलाने का झांसा देकर साढ़े तीन लाख रुपये लिए और फर्जी वीजा बनाकर मलेशिया में मजदूरी कराई।
वह पांच अक्तूबर 2021 को घर लौट सका था। एलआईयू की जांच में वीजा फर्जी निकला। अधिवक्ता दिनेश प्रसाद शुक्ला ने बताया कि अभियुक्त की जमानत अर्जी पर सुनवाई के दौरान कोर्ट ने सारे साक्ष्य माने। साक्ष्यों के आधार पर जमानत याचिका खारिज की है।
आरोपी और उसके साथियों के खिलाफ जाफरगंज के शिवम, मोहनखेड़ा के रोहित, खुशवक्तरायनगर के अविनाश त्रिपाठी ने भी नौकरी का झांसा देकर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया है। इन मामलों की भी अलग-अलग कोर्ट में सुनवाई चल रही है।