जली गृहस्थी से बचा अनाज को साफ करता रामकृपाल।
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हुसैनगंज (फतेहपुर)। थाना क्षेत्र के गंगा कटरी के देवरानार गांव में मंगलवार दोपहर चूल्हे की चिंगारी से आग लगने में आठ परिवारों की गृहस्थी राख हो गई। गांववालों ने ही पानी डालकर आग बुझाई। परिवारों के पास खाने के लिए भी कुछ नहीं बचा। उनके बच्चे रोते बिलखते घूमते रहे। उनकी सहायता के लिए प्रशासन की ओर से भी कोई नहीं पहुंचा। कटरी किनारे एक ही जगह पर आठ परिवार झोपड़ियां बनाकर रहते हैं। वे लोग कटरी में फसल उगाते हैं। दोपहर को अचानक रामकृपाल के घर में आग लग गई। परिवारों के ज्यादातर सदस्य कटरी में थे। आग ने कुछ ही पलों में सभी घरों को चपेट में ले लिया। घटना देखकर किसान दौड़कर आग बुझाने के लिए आए। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। सब कु छ तबाह हो चुका था।
रामकृपाल ने बताया कि गृहस्थी में अन्न, कपड़े, अनाज, नकदी जलकर नष्ट हो गया है। आग से संतोष की गाय जल गई और उसकी बछिया की मौत हो गई। इसके अलावा पूरी गृहस्थी नष्ट हो गई। किसान भैया लाल ने घर बनवाने के लिए साठ हजार रुपये इकट्ठा किए थे। नकदी भी राख हो गई और उसकी पत्नी के सोने चांदी के जेवरात पिघल गए। किसान राजेश, रामकृपाल, गिरधारी, रामखेलावन, होरीलाल की झोपड़ियां और गृहस्थी नष्ट हुई है। आग लगने के बाद क्षेत्रीय लेखपाल पहुंचे। वह नुकशान का जायजा लेकर चले गए। परिवारों के करीब दर्जनभर मासूम भूख से बिलखते रहे। पूरा कुनबा खुले आसमान के नीचे आ गया। प्रधान कुंजबिहारी ने बताया कि वह किसी काम से बाहर आए थे। शाम को गांव पहुंचते ही पीड़ितों को मदद पहुंचाई जाएगी।