फतेहपुर। दहेज हत्या के मामले में फास्ट ट्रैक कोर्ट ने सोमवार को दोषी नजमुल हसन को आजीवन कारावास और 25 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। यह सजा पुलिस के ऑपरेशन कन्विक्शन अभियान के तहत प्रभावी पैरवी और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर हुई।
सुल्तानपुर घोष थाने में वादी की तहरीर पर वर्ष 2021 में दहेज उत्पीड़न और दहेज हत्या के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया था। इसमें दावतपुर गांव निवासी नजमुल हसन नुरुल हसन के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। विवेचना पूरी होने के बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया।
पुलिस के अनुसार, सुनवाई के दौरान स्थानीय पुलिस, मॉनीटरिंग सेल और अभियोजन पक्ष ने प्रभावी पैरवी की। वैज्ञानिक तरीके से विवेचना और साक्ष्यों के संकलन के आधार पर अभियुक्त के खिलाफ आरोप साबित हुए। सोमवार को न्यायालय ने नजमुल हसन को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई और 25 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया।
पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के निर्देशन में ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत चिह्नित मामलों में दोषियों को सजा दिलाने के लिए प्रभावी पैरवी की जा रही है।