दोनों हाथ से निशक्त होने के बावजूद गांव के लिए कुछ कर गुजरने का जज्बा महेश चंद्र विश्वकर्मा में है। उन्होंने तेलियानी ब्लाक में खुद पर्चा खरीदा कर नामांकन पत्र दाखिल किया। उत्साह से लबरेज महेश का कहना था हाथ नहीं तो क्या उसके पास जज्बा तो है। इसी के सहारे वह अपने गांव में खुशहाली व तरक्की लाएगा।
सदर तहसील के सेमरहटा गांव निवासी महेश चंद्र ने दोनों हाथ से निशक्त होने के बाद भी नामांकन पत्र भरने में किसी की मदद नहीं ली। उन्होने हाथ की दोनों गांठ के बीच पेन फंसाकर अपना पूरा ब्योरा भरा। उन्हें नामांकन प्रक्रिया का हिस्सा बनते देखने वाला हर कोई हैरत भरी नजरों से देखता नजर आया।
महेश चंद्र ने प्रधानी का चुनाव लड़ने का कारण विकास का मुद्दा बताया। उन्होेने कहा गांव में जितना विकास होना चाहिए था, वह अभी तक नहीं हो पाया है।