पुलिस लाइन में फरार आरोपी व उसका साथी
- फोटो : अमर उजाला
सीजेएम कोर्ट के बाहर से सिपाही रामकुमार का हाथ छुड़ाकर भागे सहारनपुर जिले के बंदी मनोज आरख को एक साथी के साथ गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपियों के पास से दो तमंचे, कारतूस और आरोपी ने भगाने में इस्तेमाल किया मोबाइल बरामद किया है। बंदी के साथी का भी आपराधिक इतिहास रहा है।
पुलिस लाइन में पुलिस अधीक्षक कलानिधि नैथानी ने बताया कि बंदी मनोज आरख निवासी कांशीराम कालोनी भट्टापुर जिला सहारनपुर कल्यानपुर थाने से ट्रक खलासी की हत्या व लूटकांड में बंद था। वह 28 अप्रैल को कोर्ट में पेशी पर आया था। तभी कोर्ट के बाहर से फरार हो गया था।
भिटौरा बाईपास में फरार मनोज आरख व उसके साथी अजय सविता निवासी कुल्ली थाना खखरेरू के गुुरुवार को खड़े होने की पुलिस को खबर मिली थी। सीओ सिटी समरबहादुर के नेतृत्व में टीम पहुंची। पुलिस को देखकर आरोपियों ने फायरिंग कर दी। पुलिस ने दोनों को बचाव कर गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस की पूछताछ में आरोपी बंदी मनोज ने बताया कि अजय सविता से उसकी पुरानी जान पहचान थी। दोनों की जेल में मुलाकात हुई थी। चार माह पहले अजय छूटकर आ गया था। योजनाबद्ध तरीके से कोर्ट से मनोज आरख भागा था। भागने के बाद विद्यार्थी चौराहे पर अजय के साथ बाइक में बैठकर फरार हो गया था।
आरोपी मनोज आरख सहारनपुर में गैंग चलाता था। छह साल पहले गैंग के सदस्य की हत्या कर फरार हो गया था। कानपुर अकबरपुर में नौ हत्या व लूट के नौ आपराधिक मामले दर्ज हैं। वहीं अजय के खिलाफ हत्या समेत चार मुकदमे दर्ज हैं। एसपी ने टीम में शामिल कोतवाल आरके पांडेय, खखरेरू एसओ मोहम्मद शरीफ खान, बाकरगंज चौकी प्रभारी परवेज, मलवां एसएसआई धीरेंद्र प्रताप सिंह को दो हजार रुपये से पुरस्कृत किया है।