बकेवर थाना क्षेत्र में शिक्षा विभाग के सेवानिवृत्त कर्मचारी रामप्रकाश सविता (56) की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। शनिवार सुबह तालाब किनारे शव बरामद हुआ। पास में जहरीले पदार्थ की गोलियां भी बरामद हुईं। परिजनों के आरोप पर पुलिस ने पत्नी और दो सालों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है। पोस्टमार्टम में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है।
रामप्रकाश सविता बकेवर थाने के भेलगांव गांव निवासी थे। वह जूनियर हाईस्कूल पतारी जहानाबाद में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी थे। उनकी कोई औलाद नहीं थी। एक साल पहले स्वेच्छा से सेवानिवृत्त हो गए थे। करीब तीन साल से पत्नी रम्मो देवी के साथ ससुराल बकेवर के बरिगवां रसूलपुर में रहने लगे थे। उनके भाई अमृतलाल ने बताया कि भाई का शव सरजू गड़िया तालाब के किनारे बरिगवां के पास मिला है। ग्रामीणों की खबर पर वे लोग मौके पर पहुंचे थे। शव के पास जहर की गोलियां और एक पानी की बोतल मिली है।
सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। दोनों पक्षों के बीच नोकझाेंक शुरू हो गई। पुलिस ने मामले को शांत किया। अमृतलाल ने आरोप लगाया कि भाई को उसके साले दादू और राजू पीटा करते थे। इसी वजह से कई बार ससुराल से चले भी जाते थे। आशंका जताई कि सेवानिवृत्ति के बाद फंड की मोटी रकम मिलनी थी। उसी रकम को पाने के लिए सुनियोजित तरीके से भाई की हत्या की गई है। उधर, पोस्टमार्टम हाउस में मौजूद साले दादू ने बताया कि बहनोई अक्सर घर से चले जाते थे। इन दिनों किसी होटल में काम कर रहे थे। पोस्टमार्टम में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो पाने की वजह से विसरा सुरक्षित किया गया है। एसएचओ वीके सिंह ने बताया कि हत्या का संदेह रामप्रकाश की पत्नी रम्मो देवी, साले दादू व राजू पर जताया गया है। तहरीर पर एफ आईआर दर्ज की गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई होगी।