फतेहपुर। सदर कोतवाली क्षेत्र के आदर्श नगर में लखनऊ में तैनात जलनिगम कर्मी ने घर के भीतर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पत्नी से सुबह साथ जाने की जिद पर कहासुनी हुई थी। कोतवाली विनोद कुमार सिंह ने बताया कि पिता की सूचना पर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। फिलहाल किसी तरह का कोई आरोप प्रत्यारोप की तहरीर नहीं मिली है।
आदर्श नगर मोहल्ला निवासी रामखेलावन प्लंबर हैं। बड़ा बेटा रितेश राज (32) जलनिगम लखनऊ में नौकरी करते थे। इन दिनों उनकी तैनाती अंबेडकर पार्क लखनऊ में थी। रितेश की करीब एक साल पहले थरियांव थाने का सहिमापुर गांव की रहने वाले सुमन से शादी हुई थी। वह शनिवार को घर आते थे और सोमवार सुबह ड्यूटी पर चले जाते थे। सुबह जब जाने लगे तो इस बार पत्नी ने साथ चलने की जिद की। इस पर दोनों में कहासुनी हो गई।
कुछ देर बाद रितेश अपने कमरे में गया और दरवाजे की कुंडी बंदकर पंखे से रस्सी का फंदा लगाकर झूल गया। परिजनों को जानकारी हुई तो दरवाजे का कुंडा काटकर कमरे के अंदर पहुंचे। रस्सी काटकर नीचे उतारा। जिला अस्पताल पहुंचे, डाक्टरों ने रितेश को मृत घोषित कर दिया। रितेश राज भाई बहनों में सबसे बड़ा था। इसके बाद रिंकू, बाऊ, ईसू, शिवा, प्रतीक और सबसे छोटी बहन अनूपा हैं। जिला अस्पताल में रितेश के पिता ने बताया कि बहू से बेटा परेशान था। बेटा जब भी आता था, तो बहू कभी भी उसे सकून से खाना नसीब नहीं होने देती थी। बेटे ने अभी कुछ ही महीने पहले 30 लाख की बीमा कराया था। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
इनसेट-
पिता से हुई ससुरालीजनों की नोकझोंक
जलनिगम कर्मी रितेेश की आत्महत्या की सूचना पर जिला अस्पताल पहुंचे ससुराली जनों और रितेश के पिता रामखेलावन में तीखी नोकझोंक हुई। अस्पताल में मौजूद लोगों ने समझा कर शांत कराया। पिता चीख-चीखकर बहू पर आत्महत्या केे लिए प्रेरित करने का आरोप लगाता रहा।
लखनऊ के ध्यानार्थ -------------
फोटो-2-जिला अस्पताल की मार्च्युरी में मौजूद परिजन
3-फाइल फोटो रितेश राज
लखनऊ के जलनिगम कर्मी ने की खुदकुशी
पत्नी के साथ चलने की जिद पर हुई थी कहासुनी
अमर उजाला ब्यूरो