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डीबीटीएल फार्म जमा करने में उपभोक्ता न दिखाएं सुस्ती

Tue, 03 Feb 2015 12:26 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, फतेहपुर
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रसोई गैस एजेंसियों में डीबीटीएल (डायरेक्ट बेनीफिट ट्रांसफर एलपीजी) योजना के अंतर्गत फार्म जमा करने में कई उपभोक्ता अभी तक सुस्ती ओढ़े हैं। योजना शुरू हुए एक माह का समय बीतने को है, लेकिन अभी तक सिर्फ 40 फीसदी फार्म ही जमा हो सके हैं।
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ऐसे में एजेंसी संचालक भी परेशान हैं, हालांकि 31 मार्च तक जिन उपभोक्ताओं के  डीबीटीएल फार्म नहीं जमा होंगे उनके कनेक्शन काली सूची में शामिल कर दिए जाएंगे और सब्सिडी का लाभ नहीं मिल सकेगा।

गैस एजेंसियों में फर्जी कनेक्शनों की छंटनी करने के लिए  डीबीटीएल (डायरेक्ट बेनीफिट ट्रांसफर एलपीजी) योजना शुरू की गई है।

इसके तहत फार्म जमा करने वाले कनेक्शनधारकों के बैंक खाते में सब्सिडी की रकम भेजी जा रही है। हालांकि जिनके पास आधार कार्ड नहीं है उन्हें भी योजना का लाभ दिया जा रहा है।
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जिले में फतेहपुर इंडेन गैस, ललिता इंडेन गैस, भारत गैस एजेंसी समेत 21 एजेंसियां है। सभी एजेंसियों में करीब एक लाख बीस हजार कनेक्शनधारक रसोई गैस सिलेंडर का इस्तेमाल कर रहे हैं।

फतेहपुर इंडेन गैस एजेंसी में 21470 घरेलू कनेक्शन धारक हैं। इनमें अभी तक 9714 उपभोक्ताओं ने फार्म जमा किया है।

इसी प्रकार ललिता इंडेन गैस एजेंसी में 19562 घरेलू उपभोक्ता हैं इसमें 11234 उपभोक्ता फार्म जमा कर चुके हैं। इसी प्रकार शहर के कलक्टरगंज स्थित भारत गैस एजेंसी में 3500 उपभोक्ता हैं।

यहां भी अब तक 1812 लोगों ने फार्म जमा किया है। इसी प्रकार सभी गैस एजेंसियों में मिलाकर अभी तक 40 फीसदी उपभोक्ताओं ने फार्म जमा किए हैं ,जबकि 60 फीसदी कनेक्शनधारकों को डीबीटीएल फार्म जमा करना बाकी हैं। फतेहपुर इंडेन गैस एजेंसी के प्रबंधक बाबूलाल ने बताया कि इन दिनों फार्म भरने वालों की संख्या कम हुई है हालांकि प्रचार प्रसार भी कराया जा रहा है ताकि अधिक से अधिक उपभोक्ता फार्म भर दें।

ललिता इंडेन गैस एजेंसी के प्रबंधक बृजेंद्र बीर सिंह ने बताया कि डीबीटीएल योजना के तहत उपभोक्ताओं के फार्म जमा कराए जा रहे हैं। जिनके पास आधार कार्ड नहीं हैं उनके भी फार्म जमा कराए जा रहे हैं।

उपभोक्ता जल्द से जल्द फार्म भरकर जमा कर दें नहीं तो 31 मार्च के बाद ब्लैक लिस्टेड हो जाएंगे। रसोई गैस की होम डिलीवरी व्यवस्था पटरी से उतरी हुई है।

इससे न सिर्फ उपभोक्ताओं को एजेंसी के चक्कर लगाने पड़ते हैं बल्कि उपभोक्ता और कर्मचारी के बीच नोंकझोंक भी हो जाती है। कलक्टरगंज निवासी रमेश चंद्र, आबूनगर के धीरेंद्र सिंह ने बताया कि दिसंबर में बुकिंग कराने के बाद अभी तक सिलेंडर नहीं मिला है।

 ‘रसोई गैस एजेंसी संचालकों को निर्देशित किया है कि डीबीटीएल फार्म भरने से कोई भी कनेक्शन धारक छूटने न पाए। जो उपभोक्ता अभी फार्म नहीं भरे हैं, उन्हें मैसेज के जरिए सूचनाएं दी जा रही हैं। एजेंसी संचालकों से सूचनाएं मांगी गई हैं।’ - ओम प्रकाश, जिला पूर्ति अधिकारी
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