फतेहपुर। उपभोक्ता आयोग ने बीमा कंपनी पर 2.32 लाख का जुर्माना लगाया है। इसमें वाद दायर करने की तिथि से छह प्रतिशत वार्षिक ब्याज और 20 हजार रुपये परिवाद व्यय शामिल हैं। आयोग के अध्यक्ष रामनरेश मौर्या और सदस्य पदमिनी आनंद ने बीमा कंपनी को दो माह के भीतर वादी को भुगतान करने का आदेश दिया है।
ललौली थाना क्षेत्र के कुल्हू का डेरा मजरे खुर्मानगर गांव निवासी छेदालाल की पत्नी राजेश्वरी ने अदालत में दायर वाद में बताया कि उन्होंने 14 मई 2010 को सिविल लाइंस स्थित एक ऑटोमोबाइल एजेंसी से कृषि कार्य के लिए ट्रैक्टर खरीदा था। इसके लिए अजमतपुर स्थित बड़ौदा ग्रामीण बैंक से ऋण लिया गया था।
27 अक्तूबर 2013 की रात ट्रैक्टर छप्पर के नीचे खड़ा था तभी आग लगने से वह जल गया। मामले में ललौली थाने में प्राथमिकी भी दर्ज कराई गई थी। ट्रैक्टर का बीमा यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी से था।
परिजन के अनुसार ट्रैक्टर की मरम्मत पर करीब दो लाख रुपये का खर्च आया। एजेंसी से उन्हें 1,29,293 रुपये की भुगतान रसीद मिली। बीमा कंपनी ने ट्रैक्टर जलने की सूचना समय पर न देने का हवाला देकर क्लेम देने से इन्कार कर दिया और भुगतान नहीं दिया। सुनवाई न होने पर चार जून 2015 को उपभोक्ता आयोग में वाद दायर किया गया। आयोग ने अब बीमा कंपनी को निर्धारित अवधि में भुगतान करने का आदेश दिया है।