फतेहपुर। बैंकों में दो दिवसीय हड़ताल के दूसरे दिन भी कामकाज नहीं हुआ। गेट में सुरक्षा कर्मी नजर आए। आने वाले लोग हड़ताल के बारे में पता कर बिना अपना काम कराए वापस लौट गए। वहीं, एटीएम ने भी नोट उगलना बंद कर दिया। यूनाइटेड फोरम आफ बैंक यूनियन के तत्वावधान में बैंक कर्मचारी दूसरे दिन कानपुर रवाना हुए। दूसरे दिन हड़ताल से करीब 32 करोड़ लेनदेन प्रभावित रहा।
गुरुवार को स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा, इलाहाबाद बैंक अधिकांश बैंकों में हड़ताल रही। यूनाइटेड फोरम आफ बैंक यूनियन के आंचलिक सचिव हृदयेश जायसवाल के नेतृत्व में आदित्य श्रीवास्तव, आशीष साहू, आदर्श सिंह, अरुण पाल, मिताली सिंह, मनीष कुमार, अजय कुमार त्रिपाठी, आरपी सिंह, जितेंद्र कुमार, मुन्नालाल, रमाकांत, मानस मिश्रा बैंक कर्मचारियों का प्रतिनिधि मंडल कानपुर पहुंचा और स्टेट बैंक मुख्य शाखा में हड़ताल में शामिल हुआ।
बैंक कर्मियों ने वेतन वृद्धि करने, केंद्रीय कर्मचारियों के बराबर वेतन देने, बैंकिंग सप्ताह पांच दिन करने, बैंकों में कर्मचारियों के रिक्त पदों को भरने की मांग की। यूनाइटेड फोरम आफ बैंक यूनियन के आंचलिक सचिव हृदयेश जायसवाल ने बताया कि दूसरे दिन हड़ताल से करीब 32 करोड़ का लेनदेन प्रभावित रहा है। उन्होंने बताया कि शुक्रवार से बैंकों में कामकाज होगा।
बैंकों की हड़ताल के चलते एटीएम से आस लगाए उपभोक्ताओं को काफी दिक्कत हुई। गर्मी में कैश के लिए भटकते नजर आए। दूसरे दिन हड़ताल से एटीएम में कैश खत्म हो गया। स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक आफ बड़ौदा में दोपहर में कैश न होने से लोग लौटे। बैंक आफ बड़ौदा में कैश लेने आए सिविल लाइन निवासी राजेश मौर्या, दिनेश सिंह ने बताया कि हड़ताल से लोगों को दिक्कत हुई है। जरूरत के समय पैसा नहीं मिल पा रहा है।