खागा। नगर पंचायत क्षेत्र के विभिन्न वार्डों से निकलने वाले गंदे पानी के शोधन और उसके पुन: इस्तेमाल के लिए सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) स्थापित किया जाएगा। बुधवार को जल निगम नगरीय की टीम ने नगर के अड़ारपर मोहल्ले में प्रस्तावित भूमि का स्थलीय निरीक्षण कर योजना की संभावनाओं को परखा।
नगर पंचायत की अधिशासी अधिकारी देवहूति पांडेय ने जल निगम नगरीय के सहायक अभियंता अवध किशोर और अवर अभियंता पीसी पटेल को प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण कराया। अधिकारियों ने भूमि का जायजा लेने के साथ ही योजना के क्रियान्वयन को लेकर निर्देश दिए।
ईओ देवहूति पांडेय ने बताया कि अड़ारपर स्थित तालाब क्षेत्र को विकसित कर सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित करने की योजना है। इसके माध्यम से नगर के विभिन्न वार्डों से निकलने वाले गंदे पानी का वैज्ञानिक तरीके से शोधन किया जाएगा। शोधन के बाद पानी का उपयोग बागवानी, पौधरोपण और सिंचाई कार्यों में किया जा सकेगा।
उन्होंने बताया कि सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट घरों, कार्यालयों और अन्य प्रतिष्ठानों से निकलने वाले गंदे पानी से ठोस अपशिष्ट, हानिकारक रसायन और बैक्टीरिया को अलग कर उसे दोबारा उपयोग योग्य बनाता है। इससे नगर में स्वच्छता व्यवस्था बेहतर होगी, जल प्रदूषण में कमी आएगी और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।