फतेहपुर। रोडवेज बस डिपो संसाधन की कमी से जूझ रहा है। यहां 65 परिचालक और 40 ईटीएम(ई टिकटिंग मशीन) कम हैं। इससे परिचालकों को लगातार ड्यूटी करनी पड़ रही है। इनका साप्ताहिक अवकाश भी इसी में खप रहा है।
परिवहन निगम के पास 116 निगम की तथा अनुबंधित बसें हैं। यह दिल्ली, लखनऊ, कानपुर, फर्रुखाबाद, आगरा, बांदा, चित्रकूट, प्रयागराज, बनारस, आजमगढ़, बलिया जिलों के लिए संचालित हो रही हैं। परिवहन निगम के फतेहपुर डिपो में करीब 250 परिचालक होने चाहिए। 185 परिचालक हैं। इस लिहाज से 65 परिचालक कम हैं। इसका असर रोडवेज बसों के संचालन पर पड़ रहा है। निगम की व अनुबंधित बसें वर्कशाप व बस अड्डे में खड़ी रहती हैं। इनका संचालन नहीं हो रहा है। इससे रोडवेज बसों में सफर करने वाले यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है।
कानपुर-प्रयागराज रूट की कई बसें वर्कशाप में खड़ी रहती हैं। यात्रियों को सुबह, शाम अधिक परेशानी होती है। ज्वालागंज बस अड्डे में बस के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता है। खासकर शाम को प्रयागराज, खागा, थरियांव, चौडगरा, औंग, महाराजपुर, सरसौल जाने वाले यात्रियों को ज्यादा परेशानी होती है। कैंट, लीडर रोड डिपो की जो बसें आती हैं, उनके परिचालक लोकल स्टापेज न होने की बात कह कर सवारियों को नहीं बैठाते हैं। उधर, एआरएम एमएल केशरवानी का कहना है कि परिचालकों की कमी से बसों के संचालन में कुछ अव्यवस्था है। बस अड्डे में जिस रूट पर ज्यादा यात्री आते हैं, वहां के लिए बस भेजी जाती है। डिपो में 40 ईटीएम कम हैं। परिचालक व ईटीएम के लिए आरएम कानपुर व लखनऊ मुख्यालय को पत्र लिखा गया है।
डिपो में 65 परिचालक, 40 ईटीएम कम
रोडवेज बसों के संचालन में आ रही दिक्कत, परिचालकों को लगातार करनी पड़ रही ड्यूटी