खनन में लाइन हाजिर इंस्पेक्टर को कल्यानपुर का चार्ज
फतेहपुर। चार माह पहले खनन के मामले में लाइन हाजिर इंस्पेक्टर को खनन में विवादित कल्यानपुर का थानेदार बना दिया गया। थानेदार की गश्ती और रवानगी गुपचुप तरीके से की गई। इससे चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया। जिले के हाईवे पर एक बिरादरी के थानेदाराें का कब्जा होने की भी चर्चा है।
खखरेरू में थानेदार के पद पर निरीक्षक गणेश प्रसाद सिंह की तैनाती थी। मौरंग खनन के मामले में इनकी कई शिकायतें हुई थीं। पुलिस के उच्चाधिकारियों तक उनके कारनामे पहुंचे थे। इसके बाद जिले से एक गोपनीय टीम पहुंची थी। घाट पर मौरंग खनन पकड़ा गया था। इसी खुन्नस में सूचनाकर्ता ग्रामीण नवी अहमद के ट्रैक्टर को इंस्पेक्टर ने सीज कर दिया था।
नवी अहमद ने पुलिस अधिकारियों से इसकी शिकायत की थी। एक नलकूप में निर्माण के लिए पड़ी मौरंग को उसके ट्रैक्टर में लदवाकर सीज किया गया था। मामले के तूल पकड़ने पर एसपी उमेश कुमार सिंह ने गोपनीय जांच की रिपोर्ट के आने के बाद इंस्पेक्टर को लाइन हाजिर कर दिया था। तत्कालीन पुलिस अधीक्षक कवींद्र प्रताप सिंह ने निरीक्षक एके तिवारी के गैर जनपद स्थानांतरण के बाद थाने का चार्ज दे दिया है। इंस्पेक्टर गणेश प्रसाद सिंह को कल्यानपुर हाईवे के थाने की सौगात मिली। इस थाने को मालदार माना जाता है।
थानेदार की गश्ती जारी होने की सूचना भी पुलिस ने प्रसारित नहीं की। एसपी पीआरओ अरविंद सिंह गौर ने बताया कि स्थानांतरण होना कोई बड़ी कार्रवाई नहीं है। इसी वजह से उनके संज्ञान में यह मामला नहीं आया।
- खखरेरू थाने से एसपी ने दोषी होने पर हटाया था, जिले के हाईवे पर एक बिरादरी के थानेदाराें का कब्जा
अमर उजाला ब्यूरो