फतेहपुर। खरीफ फसलों की कटाई-मड़ाई के बाद पराली जलाने की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। डीएम रविंद्र सिंह के निर्देश पर सभी उप जिलाधिकारियों, तहसीलदारों, लेखपालों और कृषि विभाग के अधिकारियों को पराली जलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में ग्राम सैदपुर पचमई, विकास खंड धाता में किसान बाबूलाल की ओर से पराली जलाने पर पहुंची टीम ने सत्यापन कर 5,000 का जुर्माना लगाया।
डीएम ने बताया कि दोबारा पराली जलाने पर एफआईआर दर्ज की जाएगी। दो एकड़ तक के किसानों पर 5,000, दो से पांच एकड़ वालों पर 10,000 और पांच एकड़ से अधिक वालों पर 30,000 तक का पर्यावरण क्षतिपूर्ति शुल्क वसूला जाएगा। किसानों को जागरूक करने के लिए वॉल राइटिंग, प्रचार-प्रसार, और पंचायत स्तर पर बैठकों के निर्देश दिए गए हैं। ग्राम प्रधानों के माध्यम से पराली को गोशालाओं में पहुंचाने पर जोर दिया गया है। इस मौके पर डीडी सतेंद्र सिंह मौजूद रहे।