पीएम किसान समाधान दिवस में हंगामा
फर्रुखाबाद/कमालगंज। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के लिए सोमवार को ब्लाक कार्यालयों में पीएम किसान समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इसमें किसानों की खासी भीड़ उमड़ी। पंचायत चुनाव में मतदाताओं को लुभाने के लिए प्रधान पद के दावेदार किसानों के सहयोग में लगे रहे। कमालगंज ब्लॉक में तो पूर्व प्रधान से विवाद हो गया।
जनपद में 20 हजार किसानों की डाटा संशोधन में फंसी सम्मान निधि दिलाने के लिए तीन फरवरी तक सभी सात ब्लॉक कार्यालयों में पीएम किसान समाधान दिवस का आयोजन किया जा रहा है। इसमें आधार कार्ड गलत या मिलान न होने, अपात्र किसानों के अभिलेखों के सत्यापन व सुधार, राज्य स्तर पर लंबित मामलों में संबंधित बैंक में आधार की सीडिंग व वरासत दर्ज कराने वाले नए किसानों के आवेदन भरे जाने हैं।
सोमवार को पहले दिन सभी ब्लॉक कार्यालयों में किसानों की भीड़ उमड़ी। कमालगंज ब्लॉक कार्यालय में डाटा संशोधन के दौरान फीडिंग के बावजूद डूंगरपुर के किसान का नाम न होने पर विवाद हो गया। साथ आए पूर्व प्रधान ने किसानों को परेशान करने का आरोप लगाकर हंगामा कर दिया। किसी तरह समझाकर मामला शांत किया गया। करीब 300 किसान शिविर में पहुंचे। इसमें से 87 के आधार, बैंक खाता व अन्य गड़बड़ी को संशोधित किया गया।
एडीओ कृषि विनोद कुमार ने बताया कि हंगामे की सूचना उन्होंने जिला कृषि अधिकारी राकेश कुमार को फोन पर दी। पूर्व प्रधान ने कर्मचारियों से अभद्रता भी की। बाद में कर्मचारियों ने मामला शांत कराया। कर्मचारियों ने बताया कि किसान का डाटा मोहम्मदाबाद ब्लॉक क्षेत्र में फीड करा दिया गया था। इसलिए नाम नहीं मिल रहा था। अब इसे कमालगंज के क्षेत्र में फीड कर दिया गया है। कायमगंज में 224 किसानों ने प्रपत्र जमा किए। सम्मान निधि की आठवीं क़िस्त अप्रैल में जारी होगी।
कुछ किसानों के खातों में पैसा नहीं आ रहा है। कृषि विभाग के कर्मचारियों ने ब्लाक कार्यालय के एक कक्ष में बैठकर किसानों की समस्याएं सुनीं और उनसे कागजात जमा कराकर निस्तारण का भरोसा दिया। एडीओ कृषि भगवान सिंह, बलबीर सिंह, अतुल कुमार, शिशुपाल, रेनू गंगवार आदि मौजूद रहे। उप निदेशक कृषि राजकुमार ने बताया कि कुल 962 आवेदन आए। इनमें 514 का निस्तारण किया गया।