मृतका नीलम और लक्ष्मी के फाइल फोटो।
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शमसाबाद। ढाईघाट पर गंगा नहाने के लिए गई दो बालिकाएं डूब गईं। यह देख वहां मौजूद लोगों ने शोर मचाया। इस पर गोताखोर गंगा में कूद गए और काफी मशक्कत के बाद दोनों को बाहर निकाला, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। शमशाबाद थाना क्षेत्र के गांव सुतिहार निवासी शेर सिंह शनिवार को गंगा की कटरी में खेत पर काम कर रहा था। उसकी बेटी लक्ष्मी (11) अपनी सहेली नीलम (12) पुत्री शीशराम के साथ उसे खाना देने गई थी।
खेत से लौटते समय दोनों बालिकाएं ढाईघाट पर गंगा नहाने के लिए पहुंच गई। गंगा में नहाने के दौरान लक्ष्मी गहरे पानी में चली गई और डूबने लगी। सहेली को डूबता देखकर नीलम ने उसे बचाने के लिए हाथ आगे बढ़ा दिया। इस चक्कर में नीलम भी गहरे पानी में चली गई। यह देखकर वहां पर मौजूद लोगों ने शोर मचाना शुरू कर दिया। घाट किनारे मौजूद धर्मेंद्र, हरनाथ सिंह, जितेंद्र, श्यामसुंदर ने शोर सुनकर गंगा में छलांग लगा दी। काफी मशक्कत के बाद दोनों के शवों को बाहर निकाला गया। सूचना मिलने पर बालिकाओं के घर वाले भी मौके पर आ गए।
घटना की सूचना मिलने पर कानूनगो प्रमोद पांडेय और थाना पुलिस मौके पर पहुंची। परिजनों ने पुलिस को मामले में कोई कानूनी कार्रवाई न करने की बात कही। इसके बाद परिजन शवों को घर ले आए। परिजनों ने बताया कि प्राथमिक विद्यालय हरसिंगपुर में लक्ष्मी कक्षा तीन में पढ़ती थी और नीलम कक्षा दो में पढ़ती थी।