जामा मस्जिद के बाहर नेहरू रोड मुख्यमार्ग पर नमाज अदा करते अकीदतमंद।
- फोटो : amarujala
फर्रुखाबाद। रमजान के आखिरी जुमे पर जामा मस्जिद समेत जिले की सभी मस्जिदों में अलविदा की नमाज अमन के माहौल में अदा की गई। इस दौरान मुल्क की सलामती और खुशहाली के लिए हजारों लोगों ने दुआएं कीं।
रहमत व बरकत के महीने रमजान के आखिरी जुमे पर मुसलमानों ने अलविदा की नमाज अदा की। अजान की आवाज गूंजने से पहले ही लोग मस्जिदों में पहुंचने लगे। सर्वाधिक लोग घुमना स्थित जामा मस्जिद पहुंचे। मस्जिद की छत व परिसर भरने के बाद मस्जिद प्रबंध समिति ने सड़क पर नमाज अदा करने की व्यवस्था करवाई।
नमाज से पहले पेश इमाम मौलाना मोअज्जम अली ने रमजान के रोजों की फजीलत बयां की। कहा कि नेक इंसान बनकर मुसलमान ईमान की रोशनी फैलाएं। रमजान के जो दिन शेष बचे हैं, उनमें अपने गुनाहों से तौबा कर लो। इस्लाम में महिलाओं का दर्जा बुलंद है।
फतेहगढ़ स्थित जामा मस्जिद में मौलाना अब्दुल रब आलिम, खेतवाली मस्जिद में मौलाना जहूर आलम, मस्जिद काजी साहब में हाफिज हारुन, दरगाह हुसैनिया मुजीबिया में शाह फसीह मुजीबी, नखास स्थित रहमानी मस्जिद में हाफिज मुम्ताज, शमसेर खानी मस्जिद में हाफिज मुनव्वर, टाउनहाल मस्जिद में हाफिज नफीस अहमद और सुनहरी मस्जिद में मौलाना सदाकत हुसैन सैंथली की इमामत में नमाज अदा की गई। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जिलाधिकारी रविंद्र कुमार और पुलिस अधीक्षक दयानंद मिश्र व अन्य अधिकारी मौके पर डटे रहे।