फर्रुखाबाद। विकसित भारत 2047 के लिए चल रहे सुझाव अभियान में जिले के युवाओं ने बढ़चढ़कर हिस्सा लिया है। उन्होंने तरक्की की राह आसान करने के लिए सरकार को अपने अरमानों के सुझाव भेजे हैं।
इसके साथ ग्रामीणों ने भी सुझाव भेजने में काफी रुचि दिखाई है। जिले से 43919 लोगों ने अपना सुझाव दिया है। विकसित उत्तर प्रदेश समृद्ध उत्तर प्रदेश 2047 के लिए सरकार ने आम जनता से भी सुझाव मांगे हैं। इसके चलते अब तक जिले के 43919 लोगों ने अपना सुझाव देकर ऑनलाइन प्रमाणपत्र प्राप्त किया है।
इसमें जिले में प्रमुख रूप से आलू की खेती होती है, लेकिन आलू आधारित कोई उद्योग नहीं है। डॉक्टरों की कमी और बदहाल प्रबंधन से स्वास्थ्य सेवाएं भी कमजोर हैं। रोजगार का साधन न होने से युवा नौकरी की तलाश में पलायन कर रहे आदि मुद्दे उठाए गए ।
युवाओं ने कहा उद्योग स्थापित हों, तकनीकी शिक्षा के संसाधनों पर जोर
लोगों ने ऐसे कई मुद्दों पर सुझाव भेजे हैं। भेजे गए सुझावों में 12526 शहरी और 31393 सुझाव ग्रामीण क्षेत्र के हैं। इसमें सर्वाधिक रुचि लेने 31 वर्ष की उम्र तक युवा शामिल हैं। उन्हें शिक्षा के बाद अब रोजगार की जरूरत है। इससे अधिकांश युवाओं ने बातचीत में बताया कि जिले में इंडस्ट्रियल विकास की सर्वाधिक जरूरत है।
तकनीकी व रोजगार परक शिक्षा के जिले में सरकारी साधन न होने से दूसरे प्रांतों व जनपदों में जाना पड़ता है। इससे परिजनों पर खर्च का बोझ भी बढ़ जाता है। युवाओं ने जिले में उद्योग स्थापित करने, उच्च शिक्षा व तकनीकी शिक्षा के संसाधनों पर जोर दिया। इसके अलावा किसी ने जिले में मेडिकल कालेज की स्थापना और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा देने की सलाह दी तो किसी ने पर्यावरण व नदी संरक्षण पर जोर दिया है।
हालांकि 31 से 60 वर्ष की उम्र के 20680 लोगों ने भी अलग-अलग सुझाव दिए। वहीं 60 वर्ष से अधिक आयु के 2285 बुजुर्गों ने भी तरक्की की राह मजबूत करने के लिए अपने अनुभव सरकार से साझा किए हैं। 12 बिंदुओं पर सुझावों में कृषि विकास, पर्यटन, नगर विकास, अवस्थापना विकास, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा, सामाजिक सुरक्षा, सुशासन आदि बिंदुओं पर अपनी राय दी है।