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एमडीएम का बहिष्कार, फ्लॉप शो

Thu, 17 Nov 2016 11:44 PM IST
अमर उजाला/फर्रुखाबाद
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कन्या पूर्व माध्यमिक विद्यालय कमालगंज में रोटी बनाती रसोइया। - फोटो : amarujala
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शिक्षक नेताओं के गुरुवार से एमडीएम बंद करवाने का अभियान लगभग फ्लॉप हो गया । कार्रवाई के डर से अधिकतर विद्यालयों में एमडीएम बना। बीएसए बोले एमडीएम न बनवाने वाले शिक्षकों से स्पष्टीकरण तलब किया जाएगा।
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सात माह से शिक्षकों के खातों में परिवर्तन लागत नहीं पहुंच रही है, जिससे एमडीएम बनवाने में व्यवधान पैदा हो रहा है। रसोइयों को भी उनका मानदेय नहीं मिल पा रहा है।

कमालगंज क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय रजीपुर में रसोइया रोटी-सब्जी बना रही थी। रसोइया रामवती, रीना ने बताया कि उन्हें पिछले चार महीने से मानदेय नहीं मिल रहा है। दीपावली के त्यौहार पर प्रधानाध्यापिका भगवान देवी ने एक-एक हजार रुपये दिए थे। वहीं बीआरसी के प्राथमिक विद्यालय व पूर्व माध्यमिक विद्यालय और कन्या पूर्व माध्यमिक विद्यालय में विधिवत मेन्यू के अनुसार खाना बन रहा था।
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रसोइया सोमवती सुशीला, जयमाला, रीना, लीलावती, प्रेमा और शीला आदि ने बताया कि विद्यालयों में मेन्यू के अनुसार एमडीएम बनाया जा रहा है। अमृतपुर क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय गूजरपुर गहलवार में एमडीएम नही बना।

पूछने पर इंचार्ज प्रधानाध्यापक गोविंद अिग्‍नहोत्री ने बताया कि उनके पास पैसा नहीं है। पुराने नोट दुकानदार लेने को तैयार नहीं हैं। कोटेदार राशन नहीं दे रहा है। पुराने नोट बदलने के लिए उनके पास समय नही बचता।


प्राथमिक विद्यालय परतापुर कलान में सब्जी-रोटी बनाई गई थी। प्राथमिक विद्यालय मुजहा में मेन्यू विरुद्घ तहरी बनवाई गई थी। पूछने पर प्रधानाध्यापक अरविंद कुमार ने बताया कि मेन्यू सब्जी-रोटी परोसी जानी थी। एमडीएम प्रधान बनवाते इसलिए उन्हें इस बारे में कोई जानकारी नहीं है।


जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी संजीव चौधरी ने बताया कि जिन विद्यालयों में एमडीएम नहीं बनवाया गया है। ऐसे विद्यालयों के प्रधानाध्यापको से स्प्ष्टीकरण तलब किया जाएगा।
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