फर्रुखाबाद। हत्या के मामले में जमानत पर छूटे शिक्षकों का जिला बेसिक शिक्षाधिकारी ने 18 नवंबर को निलंबन समाप्त कर दिया था।
दोनों अध्यापकों ने स्कूलों में कार्यभार भी ग्रहण कर लिया। मगर एक सप्ताह गुजरने के बावजूद अभी तक आख्या ब्लॉक संसाधन केंद्र कमालगंज नहीं भिजवाई गई है।
नगर पंचायत कमालगंज के मोहल्ला शास्त्री नगर निवासी योगेश यादव ब्लॉक कमालगंज के उच्च प्राथमिक विद्यालय गोपालपुर में सहायक अध्यापक व उनके भाई देवेश यादव प्राथमिक विद्यालय भटपुरा में प्रधानाध्यापक हैं। वर्ष 2024 में हत्या के मामले में दोनों शिक्षक भाइयों के साथ ही उनके पिता रिटायर्ड शिक्षक हरगोविंद यादव को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी। तीनों लोग जेल गए थे। तत्कालीन बीएसए ने दोनों शिक्षकों को निलंबित कर दिया था।
अक्तूबर में दोनों शिक्षक भाइयों को हाईकोर्ट से जमानत मिल गई थी। 18 नवंबर को बीएसए विश्वनाथ प्रताप सिंह ने दोनों के प्रार्थना पत्र पर उन्हें बहाल कर दिया था। निलंबन आदेश समाप्त होने के बाद दोनों ने अपने-अपने स्कूल में जाकर कार्यभार ग्रहण लिया। एक सप्ताह बीतने जा रहा है, लेकिन अभी तक दोनों शिक्षकों ने बीआरसी कमालगंज जाकर तैनाती आख्या नहीं दी है।
बीईओ कमालगंज अनूप कुमार ने बताया कि दोनों शिक्षकों ने तैनाती आख्या अभी नहीं दी है। निलंबन समाप्ति का आदेश सोमवार को प्राप्त हुआ था।