फर्रुखाबाद। मोहम्मदाबाद ब्लाक के वार्ड चार से जिला पंचायत सदस्य का चुनाव हारी महिला प्रत्याशी ने मतपत्रों की गिनती में हेराफेरी कर हराने का आरोप लगाकर मंगलवार को कलेक्ट्रेट में धरना दिया। धरने के दौरान हारे और जीते प्रत्याशी के आमने सामने आने पर विवाद होते होते बचा। प्रत्याशी ने रिकाउंटिंग या मतपत्रों की गिनती के बनाए गए चार्ट और लॉन लाइन फीडिंग किए गए मतपत्रों से मिलान किए जाने की मांग की है।
मोहम्मदाबाद के पखना विहार निवासी सुनील राठौर की पत्नी नेहा राठौर ने ब्लाक के वार्ड संख्या चार से जिला पंचायत सदस्य पद का चुनाव लड़ा था। इनका कहना है कि मतपत्रों की गिनती में वह विजयी हुई थीं। इसके बाद सुमन लता को जिता दिया गया। कंप्यूटरीकृत मतों की सूची में सुमन लता के 4376 वोट दिखाए गए और उनके 4295 मत दर्शाकर हारा हुआ बताया गया।
नेहा ने इसका विरोध कर मतगणना में मिले वोटों का कंप्यूटरीकृत मत सूची से मिलान करने की मांग की। आरओ ने मिलान करने से इनकार कर दिया। सुमन लता को विजयी घोषित कर दिया गया। रात में सुमन के देवर ललुआ यादव कलेक्ट्रेट आए तो उन्हें प्रमाण पत्र देने से मना कर दिया गया।
मंगलवार की सुबह नेहा राठौर समर्थकों के साथ कलेक्ट्रेट पहुंची और धरने पर बैठ गईं। इसी दौरान करीब 10 बजे ललुआ यादव भाभी की जीत का प्रमाण पत्र लेने पहुंचे। दोनों प्रत्याशियों के आमने सामने आने के कारण विवाद होने स्थिति बन गई। इसी दौरान सुबोध यादव वहां आए। इन्हें ललुआ यादव ने प्रमाण पत्र न मिलने की जानकारी दी। इसके बाद ललुआ यादव को उनकी भाभी सुमन लता के विजयी होने का प्रमाणपत्र दिया गया।