अमृतपुर। पूस में आवारा गोवंशों से किसान रात को जागकर फसलों की रखवारी करने के लिए मजबूर हो रहे हैं। इसके चलते रविवार को करनपुरदत्त के किसानों ने करीब 20-25 गोवंशों को घेरकर निर्माणाधीन पानी की टंकी के परिसर में बंद कर दिया है। शिकायत के बाद भी कोई अधिकारी उन्हें गोशाला पहुंचाने के लिए नहीं पहुंचा है। इससे ग्रामीणों में आक्रोश है।
विकास खंड राजेपुर की ग्राम पंचायत करनपुरदत्त के किसानों ने दो दिन पूर्व आवारा गोवंशों को पकड़कर निर्माणाधीन पानी की टंकी की बाउंड्रीवाल के भीतर बंद कर दिया था। इसकी सूचना ग्राम सचिव को भी दी गई। इसके बावजूद अभी तक गोवंशों को गोशाला नहीं भेजा गया है। मजबूरी में किसान गोवंशों को खाने के लिए धान का पुआल डाल रहे हैं।
अमैयापुर, चपरा, गुड़ेरा, दारापुर, सलेमपुर, सरह, परमनगर सहित कई गांवों में आवारा गोवंश फसलों पर कहर बरपा रहे हैं। जैसे ही किसान खेत की मेड़ से हटते हैं, वैसे ही गोवंशों का झुंड खेतों में घुस जाता है और फसल चट कर जाते है। किसानों का कहना है कि यदि आवारा गोवंशों को पकड़कर गोशालाओं में भेज दिया जाए तो उन्हें काफी राहत मिल सकती है। खंड विकास अधिकारी सुनील कुमार जायसवाल ने बताया कि अमृतपुर की गोशाला बाढ़ के समय बंद हो गई थी। इसे चालू कराया जाएगा। सचिव से बात कर गोवंशों को गोशाला भिजवाएंगे।