कायमगंज (फर्रुखाबाद)। इलाहाबाद उच्च न्यायालय (हाईकोर्ट) ने अवैध हिरासत से जुड़ी याचिका पर गंभीर रुख अपनाते हुए पुलिस अधीक्षक (एसपी), क्षेत्राधिकारी कायमगंज और थाना प्रभारी कायमगंज को अदालत में पेश होने का आदेश दिया है।
न्यायालय ने तीनों अधिकारियों को 14 अक्तूबर को दोपहर दो बजे हाजिर होने को कहा है। याचिकाकर्ता प्रीति यादव ने अदालत में आरोप लगाया था कि आठ सितंबर की रात करीब नौ बजे थाना प्रभारी अनुराग मिश्रा, सीओ समेत चार-पांच पुलिसकर्मी उनके घर में जबरन घुस आए। उन्होंने परिवार के दो सदस्यों को हिरासत में ले लिया।
बताया कि यह कार्रवाई उस समय की गई जब अधिकारी फोन पर एसपी फतेहगढ़ से बातचीत कर रहे थे। याचिका के अनुसार दोनों लोगों को करीब एक सप्ताह तक पुलिस हिरासत में रखा गया। पुलिस ने 14 सितंबर की रात 11 बजे उन्हें छोड़ दिया।
आरोप है कि रिहा करने से पहले दबाव बनाकर उनसे एक लिखित बयान लिया गया कि हम किसी तरह की शिकायत नहीं करेंगे। याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति जेजे मुनीर और संजीव कुमार की खंडपीठ ने एसपी फतेहगढ़, सीओ कायमगंज और एसएचओ कायमगंज को व्यक्तिगत रूप से अदालत में उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने का आदेश दिया।
कोर्ट ने यह भी कहा कि इन अधिकारियों या उनके निर्देश पर कोई भी पुलिसकर्मी याचिकाकर्ता प्रीति यादव से संपर्क नहीं करेगा और न ही किसी प्रकार की धमकी या उत्पीड़न किया जाएगा। सीओ राजेश कुमार द्विवेदी ने बताया कि माननीय न्यायालय के आदेशों का पूर्ण रूप से पालन किया जाएगा।