डॉक्टर सहित छह की मौत, 184 संक्रमित
फर्रुखाबाद। जनपद में मंगलवार को एक डॉक्टर सहित छह लोगों की कोरोना से मौत हो गई। इसके अलावा 184 लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई। इसमें तहसीलदार, तीन डॉक्टर व स्वास्थ्य कर्मी भी कोरोना की चपेट में आ गए हैं।
जिले में कोरोना का कहर लगातार जारी है। कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष मृत्युंजय शर्मा के भाई डॉ.वेदप्रकाश शर्मा को कोरोना पॉजिटिव होने और सांस लेने में तकलीफ होने पर फतेहगढ़ स्थित एल-2 अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पूर्व जिलाध्यक्ष ने बताया कि मध्य रात अस्पताल में ऑक्सीजन समाप्त हो जाने पर उनकी तबीयत बिगड़ गई।
जानकारी पर उन्होंने रेफर कराया और बाहर ले जाने की तैयारी में थे। इसी बीच उनकी मौत हो गई। इसके अलावा एल-2 अस्पताल में तीन अन्य लोगों ने दम तोड़ दिया। वहीं शहर के मोहल्ला सेनापति निवासी युवक का इलाज आगरा में चल रहा था।
वहां सोमवार को सांस में दिक्कत होने पर सैफई अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। मंगलवार को सैफई अस्पताल में भर्ती कराने के कुछ देर बाद भी मौत हो गई। इसके अलावा एक अन्य महिला की सैफई में इलाज के दौरान मौत हो गई है।
जांच रिपोर्ट में पंचायत चुनाव के सुपर जोनल मजिस्ट्रेट तहसीलदार कायमगंज भूपाल सिंह, भोलेपुर निवासी डॉ.विनोद कटियार, दुर्गा टाकीज कायमगंज निवासी डॉ.संदीप, सीएचसी नवाबगंज की डॉ.वंदना मिश्रा व सीएचसी कायमगंज की स्वास्थ्य कर्मी कोरोना पॉजिटिव मिली।
शहर के बढ़पुर क्षेत्र के कुल 95, कायमगंज के 26, कमालगंज के 12, मोहम्मदाबाद के 24, नवाबगंज 9 व शमसाबाद के 17 लोगों सहित कुल 184 लोग संक्रमित पाए गए। इससे जिले में अब तक संक्रमित हुए लोगों की संख्या 7455 पहुंच गई है। इनमें 5799 लोग ठीक हो चुके, जबकि 122 लोग जान गवां चुके हैं। हालांकि पोर्टल पर मरने वालों की संख्या अभी 118 ही दर्शाई गई है। जिले में अभी 1540 केस एक्टिव हैं।
ऑक्सीजन खत्म होने पर एल-2 अस्पताल में हंगामा
फर्रुखाबाद। फतेहगढ़ स्थित एल-2 अस्पताल में सोमवार रात ऑक्सीजन समाप्त होने की जानकारी पर बाहर खड़े परिजनों ने हंगामा कर दिया। कर्मचारियों ने किसी तरह उन्हें समझाकर शांत किया।
फतेहगढ़ स्थित एल-2 अस्पताल में करीब 80 से अधिक मरीज भर्ती हैं। कोरोना महामारी के बीच जनपद में इन दिनों ऑक्सीजन का संकट भी चल रहा है। सोमवार देर रात अस्पताल के बाहर खड़े परिजनों को जानकारी मिली कि ऑक्सीजन खत्म हो गई। गंभीर हालत में भर्ती मरीज तड़प रहे हैं। इस पर कुछ परिजनों ने अस्पताल में जाने का प्रयास किया।
इस पर चौकीदार ने गेट में ताला लगा दिया। इस पर गेट के बाहर खड़े परिजनों ने गालीगलौज कर हंगामा शुरू कर दिया। हालांकि किसी तरह उन्हें समझाकर और उनका मरीज सुरक्षित होने की बात कहकर शांत किया गया। कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष मृत्युंजय शर्मा ने बताया कि रात में एल-2 अस्पताल में भाई के भर्ती होने से उनकी पत्नी व परिजन भी वहां मौजूद थे। ऑक्सीजन खत्म होने की जानकारी पर ही उन्होंने अपने भाई को रेफर कराया था। उन्हें इलाज के लिए बाहर ले जा रहे थे, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी है।