फर्रुखाबाद। गैंगस्टर एक्ट के मामले में सुनवाई कर विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट रितिका त्यागी ने आरोपी को दोषी ठहराया। दोषी को तीन वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई। पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। दोषी ने गैंग के साथ दिनदहाड़े ग्रामीण की गर्दन काटकर हत्या कर दी थी। तभी से उसकी इलाके में दहशत थी।
तत्कालीन थानाध्यक्ष कायमगंज विजय सिंह यादव ने 25 अगस्त 2012 को कोतवाली कायमगंज में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में कहा था कि सर्वेश अपने साथी यशवीर के साथ मिलकर संगठित गिरोह बनाकर आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देता है। गिरोह का सरगना सर्वेश अवैध असलहे बनाता है। इसके खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं।
गिरोह ने शमसाबाद क्षेत्र में दिनदहाड़े एक ग्रामीण की गर्दन काटकर हत्या कर दी थी। डर के कारण कोई भी व्यक्ति इनके खिलाफ गवाही देने को तैयार नहीं होता है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच की। विवेचक ने विवेचना पूरी कर सर्वेश के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट में आरोपपत्र दाखिल किया।
अभियोजन पक्ष की ओर से शैलेश परमार, भानु प्रताप सिंह, राजीव कुमार ने दलीलें दीं। विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट रितिका त्यागी ने गवाह व सबूतों को मद्देनजर रखते हुए सर्वेश को गैंगस्टर एक्ट में दोषी करार देते हुए तीन साल कठोर कारावास की सजा सुनाई।